नारायणगढ। नारायणगढ़ के पीडब्ल्यूडी विश्राम गृह में सोमवार को नारायणगढ़ जिला बनाओ मुहिम की ओर से बैठक का आयोजन किया। यह बैठक गुरपाल सिंह की अध्यक्षता में हुई। बैठक में सभी लोगों ने नारायणगढ़ को जिला बनाने के लिए अपने-अपने विचार रखे।
इसके बाद सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि मुख्यमंत्री हरियाणा को एक पांच सदस्य कमेटी जून के इसी सप्ताह में मिलेगी, जिससे कि नारायणगढ़ को जिला बनाया जा सके। वहीं बैठक में गुरपाल सिंह ने नारायणगढ़ जिला बनाने के लिए जो संघर्ष किया और लोगों की आवाज बना उसके बारे में सभी सदस्यों को बताया गया। नारायणगढ़ अंबाला जिला की सबसे पुरानी सब डिविजन है। इसके अलावा अंबाला की जितनी भी तहसील थी। चाहे वह रोपड़ हो वह भी जिला है, रूप नगर के नाम से खरड़ तहसील भी मोहाली के नाम से जिला बन चुकी है।
कालका तहसील भी पंचकूला के नाम से जिला बन चुका है। जगाधरी भी यमुनानगर के नाम से जिला बन चुका है। एक मात्र नारायणगढ़ तहसील सब डिविजन जिसे जिला नहीं बनाया गया। नारायणगढ़ अब तक राजनीति का शिकार होता रहा। लेकिन अब नारायणगढ़ को हरियाणा का नेतृत्व करने का मौका मिला।
मौजूदा मुख्यमंत्री नारायणगढ़ विधानसभा से है। इसके लिए सभी ने मिलकर मुख्यमंत्री हरियाणा से मिलने के लिए पांच सदस्य की कमेटी बनाई है। इस कमेटी में नरेंद्र परासर , हरीश मेंहदीरत्ता, कुलदीप सिंह बक्शी, सतीश गुजर, बलविंदर सिंह शामिल हैं। यह सभी मुख्यमंत्री से मिलकर लोगों की बात रखेंगे। नारायणगढ़ जिला बनाने के लिए सभी जरूरतें पूरी करता है। एक जुलाई को एसडीएम कार्यालय में सांकेतिक धरना दिया जाएगा। यह धरना सुबह 10 बजे से लेकर दोपहर के एक बजे रहेगा।