अंबाला सिटी। शहर स्थित पंचायत भवन के सभागार में अंबाला-1 और अंबाला-2 के वीएलई के लिए बैठक और ट्रेनिंग का आयोजन किया। यह बैठक डीसी अंबाला डाॅ. शालीन के निर्देश पर की गई।
इस बैठक में नायब तहसीलदार अंबाला छावनी यशवंत ने वीएलई को ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल के बारे में जानकारी दी गई। जिसमें नायब तहसीलदार ने वीएलई को खराब फसलों से संबंधित जानकारी दी गई। इस दौरान डीडीपीओ दिनेश शर्मा, जिला प्रबंधक विवेक शर्मा भी मौजूद रहें।
नायब तहसीलदार यशवंत ने बताया कि पिछले दिनों बाढ़ के चलते लोगों के जानमाल का जो नुकसान हुआ हैं, 18 अगस्त तक संबंधित व्यक्ति ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल पर अपने नुकसान संबंधी जानकारी भर सकता हैं। उन्होंने कहा कि इस बैठक एवं ट्रेनिंग को किए जाने का उद्देश्य यही है, कि वीएलई को ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल के बारे में पूरी जानकारी हो, उसे दूर करने बारे भी वीएलई का मार्गदर्शन किया गया। उन्होंने वीएलई को यह भी स्पष्ट किया कि वे पोर्टल पर जो दर्शाया गया है, उसी के अनुसार संबंधित व्यक्ति से जानकारी लेकर उसे भरना सुनिश्चित करें।
सही जानकारी ही इस पोर्टल पर भरें, ताकि नियमानुसार संबंधित व्यक्ति को सत्यापन के बाद मुआवजा संबंधी राशि उसके खातों में स्थानांतरित की जा सकें। नायब तहसीलदार ने बताया कि वीएलई को किसान के हुए नुकसान की पूरी जानकारी लेनी है, किसान की टोटल जमीन कितने एकड़ है, उस जमीन से पोल्ट्रीफार्म, बाड़ा, तालाब व अन्य जगह को लेकर हटा दिया जाए। सिर्फ जिस जगह पर किसान की फसल खराब हुई है सिर्फ उतनी ही जगह को पोर्टल पर अपलोड किया जाए। ठेके पर ली हुई जमीन पर खराब हुई फसल की एंट्री जमीन मालिक का नाम ही पोर्टल पर अपलोड किया जाए।
वीएलई के पोर्टल पर अपलोड करने के बाद पटवारी व तहसीलदार खेत में जाकर जानकारी जुटाएंगे इसके बाद ही संबंधित विभाग की ओर से पीड़ित को मुआवजा उसके खाते स्थानांतरित कर दी जाएगी।