अंबाला सिटी। बारिश से पहले नगर निगम ने शहर के नालों और ड्रेन में सफाई कराने के लिए प्रक्रिया तेज कर दी है। निगम अधिकारी नालों की सफाई देखने के लिए लगातार निरीक्षण कर रहे हैं।
यही नहीं निगम ने सफाई कर्मचारियों की छुट्टियां भी रद्द कर दी है, जिससे कि शहर में जल्द बरसाती सीजन के शुरू होने से पहले एक बार सफाई हो सके। पिछली बार बाढ़ की वजह से शहर में लबालब पानी जमा हो गया था और कई दिनों तक यह पानी नहीं उतर पाया था। इससे लोगों के घरों का सामान भी खराब हो गया था।
इस बार बार ऐसी स्थिति पैदा न हो, इसके लिए निगम तेजी दिखा रहा है। सफाई की व्यवस्था देखने के लिए उपायुक्त, परिवहन मंत्री असीम गोयल, निकाय मंत्री सुभाष सुधा भी शहर का निरीक्षण कर चुके हैं।
निगम ने किराये पर ली मशीनरी
दरअसल, शहर में तीन बड़ी ड्रेन हैं। इन ड्रेन की सफाई का जिम्मा एक एजेंसी को दिया गया है, जबकि शहर के छोटे-बड़े 89 नालों का सफाई कार्य निगम कर्मचारी कर रहे हैं। निगम ने सफाई कार्य के लिए करीब 100 सफाई कर्मचारी लगाए हैं और नियमित कर्मचारियों से भी एक टाइम में सफाई करवाई जा रही है। निगम ने तीन अर्थमूविंग मशीन किराये पर ली हैं। दो मशीन निगम की खुद की हैं। पोकलेन भी किराए पर ली गई है और 10 ट्रैक्टर-ट्रॉली भी नालों से निकलने वाली गंदगी को उठाने के लिए किराए पर ली गई हैं। निगम ने सफाई कार्य में तेजी लाने के लिए मशीनरी की संख्या बढ़ा दी है।
नालों पर अतिक्रमण से हो रही दिक्कत
शहर में कई जगहों पर नालों पर लोगों ने अतिक्रमण किया है। इससे निगम कर्मचारियों को सफाई करने में समय भी लग रहा है और सही तरीके से सफाई भी नहीं हो पा रही। निगम अधिकारियों ने अपील की है कि नालों पर अतिक्रमण न करें ताकि पानी का बहाव निकल सके। नालों पर अतिक्रमण से बरसाती सीजन में लोगों को ही दिक्कत आ सकती है।
नालों में कांच और गत्ता भी फेंक रहे लोग : मुकेश
नगर निगम के मुख्य सफाई निरीक्षक मुकेश कुमार ने बताया कि निगम की ओर से परिवहन मंत्री असीम गोयल, निगम आयुक्त डाॅ. संगीता तेतरवाल और डीएमसी दीपक सूरा के नेतृत्व में सफाई का कार्य युद्ध स्तर पर चल रहा है। पिछले 20 दिनों से सफाई कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द की गई हैं ताकि बरसाती सीजन से पहले एक बार नालों की सफाई की जा सके। महिला कर्मचारियों की नालों की सफाई के लिए ड्यूटी नहीं लगाई है। नियमित सफाई कर्मचारियों से भी एक बार सफाई कार्य लिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि लोग नालों में कांच की बोतल भी फेंक रहे हैं और गत्ता भी नालों में फंसने से पानी की निकासी नहीं हो पाती। जिससे सफाई कार्य में बाधा आती है। उन्होंने लोगों से अपील की कि नालों में गंदगी न डालें ताकि पानी की निकासी सही तरीके से हो सके। उन्होंने बताया कि जहां-जहां सफाई कार्य किया जा रहा है, वहां लगातार निरीक्षण भी किया जा रहा है।
शहर में सफाई कार्य करते हुए निगम कर्मचारी।