अंबाला। दूसरे के प्लॉट की रजिस्टरी दिखाकर किरायेदार दंपती से एक लाख चार हजार रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पांच साल बीत जाने के बाद भी न तो प्लॉट दिया और न ही रुपये वापस किए। अब मामले में पीड़ित ने गृहमंत्री अनिल विज को दी शिकायत के बाद जांच उप अधीक्षक के पास पहुंची। थाना महेश नगर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी व जान से मारने की धमकी देने का मामला दर्ज किया है।
शिकायत में फूल सिंह ने बताया कि वह अजराना कलां जिला कुरुक्षेत्र का निवासी है। वह पिछले 15 वर्ष से छावनी में मेहनत-मजदूरी करता है। बीडी फ्लोर मिल स्थित पटेल नगर में किराये के मकान में रह रहा है। उसने और उसकी पत्नी ने मेहनत-मजदूरी करते हुए थोड़े-थोड़े रुपये जोड़े थे, ताकि किराये के मकान से छुटकारा पा कर अपना घर बना सके। 25 मई 2017 को वह मील के पीछे टांगरी बांध के पास मजदूरी का काम कर रहा था। उस समय उसे बलदेव सिंह निवासी गांव बलटाना जिला मोहाली वहां पर आया। वह बोला कि उसका जमीन का प्लॉट बांध के नजदीक करधान की जमीन में पड़ा है जिसे वह बेचना चाहता है।
बलदेव सिंह बोला प्लॉट रजिस्टरी उसके नाम है। कहने लगा रुपये भी वह धीरे-धीरे दे देना। इसके बाद 1750 रुपये प्रति वर्ग गज के हिसाब से रेट तय हो गया। उसने बलदेव सिंह को एक लाख 41 हजार रुपये दिए। 2018 में उसने इसकी पड़ताल की तो पता चला की वह प्लॉट राजिंद्र देवरानी, मोहन लाल देवरानी, राधवा नंद देवरानी, विनोद शर्मा 8ए न्यू जनकपुरी छावनी के नाम है। इसके बाद उसने बलदेव के घर बलटाना (पंजाब) जाकर कहा कि यह प्लॉट तो उसके नाम नहीं है। वह 2019 प्लॉट की रजिस्टरी दिखाने लगा। कहने लगा अगर इसकी रजिस्टरी नहीं हुई तो वह रुपये ब्याज सहित वापस कर देगा। आरोपी ने चार साल में उसको केवल 37 हजार रुपये वापस किए। इसके बाद उसने बकाया रुपये मांगे तो आरोपी उसे जान से मारने की धमकी देने लगा।