फायर ब्रिगेड और सफाई कर्मचारियों ने सोमवार को उल्टे झाडू कर रोष जताया, वहीं मंगलवार को भी नगर परिषद और नगर पालिका के बाहर जमकर नारेबाजी की। कर्मचारियों की हड़ताल के चलते सफाई व्यवस्था चरमरा गई है और जिले में कई जगह गंदगी और पटाखों के कचरे के ढेर लग गए हैं।
जानकारी के अनुसार 19 अक्तूबर से कर्मचारी प्रदर्शन कर रहे हैं। हड़ताल का सातवे दिन कर्मचारियों ने रोष जताया और सरकार पर अनदेखी का आरोप लगाया है। नगर पालिका कर्मचारी संघ के राज्य उपप्रधान सेवा राम बोहत का कहना है कि वार्ता के लिए सरकार ने अभी तक कोई पत्र जारी नहीं किया है। पहले हुई वार्ता में निकाय मंत्री ने सिर्फ औपचारिकताएं पूरी की हैं। सरकार कर्मचारियों की जो मांगें मानने की बात कह रही है उन मांगों को लेकर भी कोई आधिकारिक पत्र जारी नहीं किया गया। सरकार अड़ियल रवैया अपनाए हुए और कर्मचारी अपनी मांगों पर अडिग हैं। कर्मचारी अब पीछे नहीं हटेंगे
ये है कर्मचारियों की मुख्य मांगें
-कच्चे कर्मचारी को पक्का करने।
-ठेका प्रथा बंद करने।
-कौशल रोजगार निगम भंग करने।
-4 हजार जोखिम भत्ता देने।
-समान काम-समान वेतन।
-फायर ब्रिगेड कर्मियों को निकाय विभाग में शामिल करने।
बाक्स
काले झंडे व उल्टे झाडूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूूू लेकर जताई नाराजगी
नारायणगढ़। नगर पालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के स्टेट कमेटी के आह्वान पर शाखा नारायणगढ़ के सफाई कर्मियों और फायर कर्मियों ने मंगलवार को सातवें दिन भी हड़ताल जारी रखी। सोमवार को दिवाली के दिन नगरपालिका नारायणगढ़ के सफाई कर्मियों सहित फायर कर्मियों ने काली दिवाली मनाते हुये रोष मार्च निकाला। इस रोष मार्च में कर्मचारी काले झंडे व उल्टे झाड़ू लेकर प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते चल रहे थे। यह रोष मार्च नगरपालिका नारायणगढ़ कार्यालय से शुरू होकर मुख्य बाजार से होता हुआ खंडा चैंक, सरगोधा कॉलोनी, पठाना वाला मोहल्ला, पुरानी तहसील, आहलुवालिया धर्मशाला से होता हुआ सुभाष चौक पर पहुंचा, जहां पर कर्मचारियों ने सरकार विरोधी नारेबाजी की।