अंबाला। चुनाव की प्रक्रिया के लिए रेल संगठनों को मिलने वाले लाभ पर रेलवे बोर्ड ने रोक लगा दी है। चुनावों की संभावित तारीख 12 से 14 नवंबर में बदलाव करते हुए इसे अब चुनाव चार, पांच और छह दिसंबर को कराने की तारीख निर्धारित कर दी है।
इस संबंध में रेलवे बोर्ड की तरफ से सभी जोन को पत्र भी जारी कर दिए गए हैं। इसमें बताया गया है कि गुप्त मतदान चुनाव 2024 के लिए सभी प्रतियोगी रेल संगठनों को एक समान अवसर प्रदान करने के लिए और मौजूदा मान्यता प्राप्त रेल संगठनों को, जिनके पास कोई भी रेलवे सुविधा या विशेषाधिकार हैं, उनके उपयोग करने पर रोक लगाई जाती है।
इसके तहत मान्यता प्राप्त संगठनों के पदाधिकारी अब कार्ड पास, सीयूजी मोबाइल फोन और यूनियन कार्यालय के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाया गया है। वहीं यह भी जानकारी दी गई है कि ऐसे परिसरों का उपयोग विज्ञापन या चुनाव संबंधी किसी भी प्रकार की सामग्री के भंडारण के लिए नहीं किया जाएगा और न ही इन परिसरों में कोई भी चुनाव बैठक आयोजित की जाएगी।
रेलवे बोर्ड ने चेतावनी भी दी है कि अगर कोई रेल संगठन इन निर्देशों का उल्लंघन करता है तो इसे आचार संहिता का उल्लंघन माना जाएगा और फिर उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी। बोर्ड ने यह भी कहा कि रेलवे प्रशासन चुनाव की अधिसूचना की तिथि यानी 30 अगस्त के बाद मौजूदा मान्यता प्राप्त रेल संगठनों के साथ कोई भी स्थाई वार्ता या औपचारिक बैठक नहीं करेगा।
नाै सितंबर तक वेबसाइट पर अपलोड होगी जानकारी
रेल संगठनों के चुनाव से जुड़ी प्रत्येक जानकारी रेलवे बोर्ड की वेबसाइट पर अपलोड कर दी जाएगी। यह कार्य नाै सितंबर तक होगा। 23 सितंबर को मतदाता सूची जारी, एक अक्टूबर आवेदन प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि, 18 अक्टूबर को मतदाताओं की अंतिम सूची, 25 अक्टूबर को प्रत्याशियों के नामांकन, 11 नवंबर को नामांकन की जांच,14 नवंबर को नाम वापसी की प्रक्रिया, 14 नवंबर की शाम छह बजे के बाद अंतिम सूची जारी, 4 से 6 दिसंबर तक मतदान और 12 दिसंबर को मतगणना होगी।
2013 में हुए थे चुनाव
रेलवे संगठनों की मान्यता से जुड़े चुनाव प्रत्येक पांच वर्ष बाद होते हैं। पहले चुनाव मई 2007 में हुए थे और इसमें एनआरएमयू ने 35 प्रतिशत वोट हासिल करके मान्यता प्राप्त की थी। दूसरी बार वर्ष 2013 में चुनाव हुए और इसमें 35 वोट हासिल करने वाली एनआरएमयू और यूआरएमयू को रेलवे संगठन के तौर पर मान्यता प्राप्त हुई थी लेकिन तीसरी बार वर्ष 2019 में होने वाले चुनाव टाल दिए गए। पहले यह चुनाव लोकसभा चुनावों के कारण लंबित हो गए और फिर कोरोना की वजह से, हालांकि चुनावों को लेकर प्रत्येक वर्ष हलचल होती रही। लेकिन तारीख का निर्धारण नहीं हो पाया था।
वर्जन
रेलवे संगठनों के चुनावों की संभावित तारीख में बदलाव हुआ है। अब ये चार से छह दिसंबर तक होंगे। अब पोलिंग एजेंटों की सूची मांगी गई है। वहीं कर्मचारियों से जनसंपर्क अभियान तेज कर दिया गया है। वहीं रेल संगठनों के कार्यालय के इस्तेमाल, पास कार्ड व सीयूजी मोबाइल के इस्तेमाल पर भी चुनाव होने तक पाबंदी लगा दी गई है।
अशोक कुमार, मंडल अध्यक्ष, यूआरएमयू।