थाईलैंड से भारत में अपने गैंग को चलाने वाले गैंगस्टर विरेंद्र प्रताप उर्फ काला राणा ने जुर्म की दुनिया से तौबा कर लिया है, हालांकि वह इन दिनों दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद है। हत्या, लूटपाट और डकैती, फिरौती जैसे किए गुनाहों से बचने के लिए रहम की भीख मांगने को मजबूर हो गया है।
इसका अंदाजा इन दिनों सोशल मीडिया पर वायरल हो रही वीडियो को देखकर लगाया जा सकता है। वीडियो में दिखाई दे रहा है कि गैंगस्टर काला राणा कान पकड़कर उठक-बैठक लगा रहा है। वह बोलता है कि मेरा नाम वीरेंद्र प्रताप उर्फ काला राणा है। 2012 में क्राइम की शुरुआत की। कई बेगुनाहों का मर्डर और कई लोगों से फिरौती कबूली। मुझे माफ कर दिया जाए। मैं गंदा आदमी हूं। हालांकि वीडियो की अभी तक पुष्टि नहीं हो पाई है कि आखिर यह कब और कहां पर बनी है।
बता दें कि काला राणा ने हरियाणा ही नहीं दिल्ली और चंडीगढ़ में भी अपने गुनाहों का जाल बिछा रखा था। पुलिस के मुताबिक हरियाणा में कुल 28 मुकदमे दर्ज थे। सबसे ज्यादा यमुनानगर में 19, अंबाला और कुरुक्षेत्र में 4-4 और फतेहाबाद में एक मामला दर्ज है। यह सभी मुकदमे हत्या, छीनाझपटी, लूट, हमला करने, रंगदारी मांगने, सरकारी ड्यूटी में बांधा, फर्जीवाड़ा जैसी धाराओं के है।
2018 में फर्जी पासपोर्ट से चला था थाईलैंड
बता दें कि काला राणा गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का खास है। साल 2018 में वह जमानत लेकर फर्जी पासपोर्ट पर थाईलैंड चला गया था। वहां बैठकर उसने हत्या, रंगदारी मांगने समेत हरियाणा, दिल्ली, चंडीगढ़ में वारदातें कराई। दिल्ली और हरियाणा एसटीएफ को काला राणा के थाईलैंड में होने का पता तब चला जब गैंगस्टर राजू फसौदी को 2020 में थाईलैंड से गिरफ्तार किया था। उसने पुलिस को बताया था कि काला राणा भी वहां है। दिल्ली एसटीएफ के इनपुट पर इंटरपोल ने काला को 20 जनवरी को वहां से काबू किया। 28 फरवरी को उसे भारत लाया गया था। तब दिल्ली पुलिस ने उसे रिमांड पर लिया था। इसके अलावा वह हरियाणा पुलिस का ईनामी बदमाश भी था।
अंबाला में दोहरे हत्याकांड की काला राणा ने ली जिम्मेदारी
अंबाला में 20 जनवरी 2022 को छावनी में रिवर साइड स्कूल के पास हुए दोहरे हत्याकांड की साजिश विरेंद्र प्रताप उर्फ काला राणा ने गोल्डी बराड़ के साथ मिलकर रची थी। इन्हीं दोनों ने वारदात को अंजाम देने वाले शूटरों को गाड़ी और असला उपलब्ध करवाया था।
इसका खुलासा खुद चार दिन के रिमांड के दौरान काला राणा ने किया था। काला राणा ने सीआईए की पूछताछ में बताया था कि मोहित राणा ने मुश्ताक हत्याकांड में सौदा तय करने के बावजूद उनके खिलाफ गवाही दी थी। इसी बात के चलते वह उसे मारना चाहते थे।
इसके अलावा 23 नवंबर 2018 को अंबाला शहर के सर्राफा बाजार स्थित प्यारे लाल राजकुमार जैन के शोरूम में बदमाशों ने सुनील जैन कुमार को गोलियों से भूनकर मौत के घाट उतार दिया था। उसमें भी काला राणा का नाम सामने आया था।