अंबाला सिटी। करीबन सत्रह दिन पहले उत्तराखंड के रुड़की से अपने परिजनों से नाराज होकर घर से निकली पंद्रह साल की किशोरी अंबाला में बरामद हुई है। उसे बदहवास हालत में मंजीसाहिब गुरुद्वारे के पास देखा गया। जहां से एक समाज सेवी व्यक्ति परमजीत ने पुलिस को किशोरी के घूमने की सूचना दी। जिसके बाद पुलिस ने महिला स्टाफ के साथ बच्ची को हिरासत में लिया और उसे सिटी सिविल अस्पताल में भर्ती करवाया। मंगलवार देर रात हरियाणा राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग के सदस्य सरदार परमजीत सिंह बड़ौला ने सूचना मिलने के बाद सिटी सिविल अस्पताल में भर्ती किशोरी की स्थिति का जायजा लिया। चौकी नंबर वन इंचार्ज बलकार सिंह ने बताया कि किशोरी को सिविल अस्पताल में भर्ती करवाया गया है, किशोरी का मेडिकल भी करवाया जाएगा। उनके अनुसार किशोरी बदहवास हालत में थी और उसकी तबीयत भी खराब थी। किशोरी के साथ कुछ गड़बड़ होने की आशंका लग रही है, लेकिन इसकी पुष्टि मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद की जाएगी। फिलहाल रुड़की पुलिस और परिजनों को सूचना दे दी गई है।
आयोग सदस्य सरदार परमजीत सिंह ने बताया कि अस्पताल में एक महिला कांस्टेबल की ड्यूटी बच्ची की सुरक्षा में लगा दी गई है। फिलहाल इस केस में चाइल्ड वेलफेयर कमेटी की ओर से थोड़ी लापरवाही सामने आई है, लेकिन फिर भी किशोरी की देखरेख का जिम्मा पूरी तरह से निभाया जा रहा है।