अंबाला कैंट। अपनी मांगों को लेकर राज्य सरकार व केंद्र सरकार के अधीनस्थ कर्मचारियों ने सोमवार को पीडब्ल्यूडी एव सीपीएमजी कार्यालय के समक्ष जमकर प्रदर्शन किया और धरना देते हुए सरकार के खिलाफ तीखी नारेबाजी की। इन कर्मचारियों ने साफ कहा कि यदि मांगें नहीं मानी जाती, तो अब आंदोलन और तेज होगा।
कर्मियों ने मंडल आयुक्त अधीक्षक को सौंपा ज्ञापन
अंबाला कैंट। आल हरियाणा पीडब्यूडी मैकेनिकल यूनियन के बैनर तले सोमवार को अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। सभी कर्मचारी कामकाज छोड़कर कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए और जमकर तीखी नारेबाजी की। सभी कर्मचारियों ने मंडल आयुक्त की गैर हाजिरी में उनके सुपरीटेंडेंट को उनके नाम ज्ञापन सौंप दिया।
इस अवसर पर कर्मचारियों को संबोधित करते हुए प्रांतीय प्रधान विश्वनाथ व प्रांतीय महासचिव नरेंद्र धीमान ने कहा कि ये धरना प्रदर्शन सरकार की कर्मचारी विरोधी नीतियों के खिलाफ किया गया है। जिसमें अंबाला मंडल के अंतर्गत सभी जिलों अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र व कैथल से कर्मचारी अंबाला पहुंचे हैं। पीडब्ल्यूडी विभाग से लेकर सभी ने मंडल आयुक्त कार्यालय तक रोष स्वरूप पैदल मार्च भी किया और अपना मांगपत्र मंडल आयुक्त के अधीक्षक को सौंपा। इन ज्ञापन में यूनियन अपनी 21 मांगों को शामिल किया है। ये ज्ञापन मुख्यमंत्री के नाम संबोधित किया गया है। इस प्रदर्शन में हरियाणा कर्मचारी महासंघ अंबाला के महासचिव जयवीर घणघस अपनी कार्यकारिणी व कर्मचारियों सहित शामिल हुए। जबकि इस अवसर पर राजेश कौशिक, संजय पावनी, कदम शर्मा, वीरेंद्र सिंह, कर्मचंद, लाभ सिंह, सुरेंद्र कुमार, अमरीक सिंह, रामकुमार, चमनलाल, सुरेंद्र शर्मा, रामबिलास शर्मा, रामकरण, रणवीर सिंह, प्रेम सिंह, मोहन लाल सहगल, अनिल मुंजाल आदि ने भाग लिया।
अब दिल्ली में संसद कूच करेंगे कर्मचारी
अंबाला कैंट। सोमवार को सीपीएमजी कार्यालय के सामने नेशनल फैडरेशन ऑफ पोस्टल इम्प्लाइज से संबंधित अनके यूनियनों ने पदाधिकारियों ने धरना प्रदर्शन किया व गेट मीटिंग कर अपनी मांगो को लेकर सरकार को चेताया व केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान कर्मचारी नेताओं का कहना है कि केंद्र सरकार दोहरी नीति अपना रही है। उन्होने कहा कि कई बार धरने प्रदर्शन करने के बाद भी सरकार ने उनकी मांगो को नही माना। लेकिन इस बार सरकार की नीतियों का बर्दाशत नहीं किया जाएगा।
इस गेट मीटिंग में खादी ग्रामोद्योग के कर्मचारियों ने भी भाग लिया। सर्कल सचिव नरेश गुप्ता ने बताया कि 15 दिसंबर को अपनी मांगों को लेकर कर्मचारी संसद भवन की और कूच करेंगे। यदि सरकार फिर भी नही मानी तो फरवरी में हड़ताल की जाएगी। उन्होंने बताया कि 06 जुलाई को केंद्रीय मंत्रियों के समूह ने कहा कि उनकी मांगो को जल्द मान लिया जाएगा। लेकिन ऐसा नही हुआ। एचआरए 10-20 व 30 प्रतिशत की दर से नई बेसिक वेतन भी दिया जाये। कर्मचारी नेताओं का कहना था। कि आज भी विभाग मे हजारों पद खाली पड़े हुए हैं। जिस कारण कर्मचारियों व लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। कई बार सरकार से कहा गया कि वह रिक्त पदों पर शीघ्र ही नियुक्ति करें। प्रदर्शन करते हुए कर्मचारियों ने कहा कि खाली पड़े पदों को भी भरा जाए। इस अवसर माया राम, राकेश कुमार, लाल चंद, बृजकुमार, सुरिंद्र दुबे आदि मौजूद रहे।