नारायणगढ़। गरीब मजदूर द्वारा जिंदगीभर की कमाई से बनाया गया आशियाना बुधवार की अल सुबह तेज धमाके के साथ ढह गया। इस आशियाना के कमरे में सो रहे मजदूर दंपति इस हादसे से बाल-बाल बच गए। इस धमाके से जहां मजदूर के एक कमरे में आग लग गई वहीं आसपास के मकानों को भी काफी क्षति पहुंची है। डीसीपी ग्रामीण विजय प्रताप सिंह के साथ पुलिस टीम वंद्र सिंह ने भी अपनी टीम के साथ घटनास्थल का दौरा कर जांच की। नारायणगढ़ के वार्ड नंबर 9 (हरिजन बस्ती) वासी जगदीश चंद ने बताया कि केंद्र की आईएचएसडीपी स्कीम द्वारा प्राप्त पैसों की सहायता से मकान बनाया था। वह और उसकी पत्नी अपने घर के एक कमरे में सो रहे थे तथा परिवार के अन्य सदस्य शहर से बाहर एक शादी समारोह में गए हुए थे। बुधवार अल सुबह लगभग तीन बजे साथ लगते दूसरे कमरे में जोरदार धमाका हुआ। धमाका इतना जोरदार था कि जहां कमरों की दीवारें टूट कर गिर गई वहीं कमरे में मौजूद सामान में भी आग लग गई। अचानक हुए जोरदार धमाके की आवाज सुनकर पड़ोसी भी अपने-अपने घरों से बाहर निकल आए। धमाका इतना जोरदार था कि किसी को कुछ सूझ नहीं रहा था कि आखिर धमाका हुआ तो कैसे? हालांकि साथ लगती रसोई में गैस से भरा सिलेंडर भी रखा हुआ था जोकि बिल्कुल ठीक-ठाक पाया गया। पड़ोसियों ने कड़ी मशक्कत के बाद जगदीश के घर में लगी आग पर काबू पाया। सूचना मिलते ही एसडीएम रुचि सिंह के आदेशों पर राजस्व विभाग के अधिकारियों ने मौके पर जाकर रिपोर्ट तैयार की।
धमाके ने तोड़ डाले पड़ोसियों के दरवाजेधमाका होने के बाद घर का मुख्य दरवाजा टूट कर करीब 20 फुट दूर पड़ोसी के दरवाजे से जा टकराया और उसका दरवाजा भी टूट गया। यही नहीं साथ लगते एक मकान की खिड़कियों की ग्रिल भी इस धमाके से टूट गई। इस जोरदार धमाके के बारे में लोगों में विभिन्न प्रकार की अटकलों का बाजार गर्म है।
जानकारी उच्च अधिकारियों को भेजी : थाना प्रभारी थाना प्रभारी सुरेश पाल ने बताया कि इस धमाके की सूचना मिलते ही वह पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंच गए थे तथा मौका मुआयना करने के उपरांत उन्होंने इस सारी घटना की जानकारी उच्च अधिकारियों को भी दे दी थी। पीड़ित जगदीश चंद द्वारा दी गई शिकायत के आधार पर उन्होंने कार्रवाई आरंभ कर दी है।