सैन्य क्षेत्र स्थित खड्गा स्टेडियम में आयोजित ग्रुप-डी की भर्ती में पकड़े गए 17 मुन्ना भाई के खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। शुक्रवार को कोर्ट में आरोपियों की पेशी के बाद नौ को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है, जबकि अन्य आठ को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि छह अभ्यर्थी दूसरे की जगह परीक्षा दे रहे थे, जबकि अन्य ब्लूटूथ और डिवाइस से नकल कर रहे थे।
धरे गए आरोपियों में अंबाला के भुल्लाखेड़ी गांव निवासी सुनील, कैथल के रोहेड़ा गांव निवासी गौरव, कैथल के रमाना रमानी निवासी पंकज सिंह, जींद के छातर गांव निवासी राहुल, फतेहाबाद के बुआन गांव के अजय, कैथल के गढ़ पट्टी मोहल्ला निवासी गुरबचन सिंह को 26 दिसंबर तक रिमांड पर लिया गया है, जबकि जींद के डोहाना गांव निवासी मंदीप और अमित तथा रोहतक के मकरौली कलां निवासी निखिल को 25 दिसंबर तक पुलिस रिमांड पर लिया गया है।
रिमांड के दौरान आरोपियों से पूछताछ के आधार पर पुलिस नेटवर्क को खंगालने का प्रयास करेगी। इसके तहत आरोपियों को मोबाइल डिवाइस, छोटे-छोटे स्पीकर, हेड फोन उपलब्ध करवाने वालों से भी पूछताछ की जाएगी। इससे पहले पुलिस ने सूबेदार अखिलेश की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ धारा 420 व 120बी के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
तोपखाना पुलिस को दी शिकायत में सूबेदार अखिलेश्वर कुमार ने बताया कि 21 दिसंबर गुरुवार को सुबह साढ़े 10 से दोपहर साढ़े 12 बजे तक ग्रुप कमांड लेवल के लिए डिफेंस सिविल की भर्ती सैन्य क्षेत्र स्थित खड्गा स्टेडियम में चल रही थी। वह परीक्षा के दौरान बतौर निरीक्षक सेवाएं दे रहा था। ड्यूटी के दौरान देखा कि रोल नंबर-6256 चौब सिंह मोबाइल से किसी से बात कर रहा था।
जांच के दौरान पाया गया कि एक कैंडिडेट किसी से बात करके पेपर पूरा कर रहा था। इसके बाद टीम ने सभी परीक्षार्थियों की तलाशी ली तो 16 अन्य भी नकल करते हुए पकड़े गए और उनके मोबाइल, स्पीकर, हेडफोन, ब्लूटूथ आदि बरामद हुए। पूछताछ में सामने आया कि चौब सिंह की परीक्षा नहीं थी वो सुनील की जगह परीक्षा देने के लिए आया था।
पुलिस जांच में खुलासा, छह परीक्षार्थी दे रहे थे दूसरों की जगह परीक्षा
बीते रोज परीक्षा में नकल करते धरे गए आरोपियों को सेना ने शुक्रवार को तोपखाना पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने जब पकड़े गए 17 आरोपियों से पूछताछ की तो कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। पूछताछ में सामने आया कि नकल करने वालों में से छह परीक्षार्थी ऐसे थे जो दूसरों की जगह परीक्षा देने के लिए पहुंचे थे। वहीं सेना के जवान भी जिसे अभ्यर्थी चौब सिंह समझकर तलाशी ले रहे थे उसकी जब पुलिस ने गंभीरता से जांच की तो पता चला वो चौब सिंह की जगह परीक्षा देने वाला सुनील था। दस्तावेजों की जांच में एक के बाद एक करके छह परीक्षार्थी इस तरह से सामने आए। इनमें सुनील, गौरव, पंकज, राहुल, अजय, गुरबचन सिंह शामिल था।
इन आरोपियों को पुलिस ने भेजा जेल
पुलिस ने आठ आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया। इनमें हिसार के कोथकला गांव निवासी अमन, कैथल के कसान गांव निवासी करण सिंह, कैथल के कुराड़ गांव निवासी रोबिन, आगरा के बहाई गांव निवासी संदीप, हिसार की लाल सड़क निवासी सागर व राजस्थान के खेतरलाई गांव निवासी सांग सिंह व जींद के छातर गांव निवासी अमन, जींद के बुवाना झाना गांव निवासी साहिल को न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
सेना की नौकरी के चक्कर में दांव पर लगाया भविष्य, पांच से 20 हजार में खरीदे थे डिवाइस
पकड़े गए आरोपियों ने जांच में खुलासा किया है कि उन्होंने बेरोजगारी के बीच सेना में भर्ती होने का सपना देखा था और उसे पूरा करने के चक्कर में नकल करने की सोची थी। बताया जाता है कि परीक्षार्थियों ने यह डिवाइस पांच से लेकर 20 हजार रुपये तक में खरीदे थे। अब पुलिस रिमांड के दौरान इस मामले की भी गंभीरता से जांच करेगी।
17 आरोपियों पर मामला दर्ज करने के बाद कोर्ट में पेश किया था। इसमें नौ को पुलिस रिमांड पर लिया गया है और आठ आरोपियों को कोर्ट के आदेशानुसार न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है।
-नरेश, थाना प्रभारी अंबाला कैंट