अंबाला सिटी। जर्जर दुकान को गिराने से रोकने के लिए अदालत पहुंचे एक व्यक्ति को जिला अदालत से झटका लगा है। अतिरिक्त जिला न्यायाधीश हितेश गर्ग की अदालत ने निचली अदालत के फैसले को बरकरार रखा है। निचली अदालत ने दुकान के ध्वस्तीकरण पर अंतरिम रोक लगाने की याचिका को खारिज कर दिया गया था। सिटी के विजय नगर निवासी अजय गौड़ ने नगर निकाय विभाग और अन्य के खिलाफ एक दीवानी याचिका दायर की थी। उनका दावा था कि वह और उनके पूर्वज 1932 से दुकान में किराएदार के तौर पर काबिज हैं। उनका आरोप था कि 28 जून 2024 को विभाग के अधिकारियों ने साठगांठ कर उन्हें जबरन बेदखल कर दिया। अजय गौड़ ने निचली अदालत (सिविल जज जूनियर डिवीजन) में आवेदन देकर मांग की थी कि मुकदमे के लंबित रहने तक दुकान को गिराने पर रोक लगाई जाए। हालांकि, 7 जनवरी 2026 को निचली अदालत ने उनकी यह मांग ठुकरा दी, जिसे उन्होंने जिला अदालत में चुनौती दी थी।