अंबाला। राजस्व की प्राप्ति को लेकर नियमों को ताक पर रखकर शराब का ठेका खोला जा रहा है। ऐसा आरोप महेशनगर क्षेत्र में रहने वाले 120 परिवारों ने लगाया है और इस संबंध में बाकायदा एक शिकायत अंबाला के उपायुक्त डॉ़ शालीन को सौंपकर ठेका न खुलवाने को लेकर आग्रह किया है।
हालांकि इस मामले में लोग डीईटीसी से भी मिले हैं और समस्या के समाधान की मांग की है। मगर जब समाधान नहीं मिला तो लोगों ने रोष प्रदर्शन शुरु किया। लोगों का कहना है कि अगर बस अड्डे के नजदीक ठेका खुलता है तो वो सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन करने को मजबूर हो जाएंगे और अगर इस दौरान कोई भी घटना होती है तो इसकी जिम्मेदारी अंबाला प्रशासन और उपायुक्त की होगी।
वहीं, इस मामले को लेकर स्थानीय लोग जल्द ही हरियाणा के पूर्व गृह एवं स्वास्थ्य मंत्री से भी मिलेंगे और गुहार लगाएंगे। ग्रीन पार्क और गोबिंद नगर में रहने वाले विजय कुमार, जसप्रीत सिंह, गौरव, एनके शर्मा व जसबीर सिंह आदि ने बताया कि महेशनगर में सरकारी बस अड्डे के साथ शराब का ठेका और अहाता खुल रहा है।
बिल्कुल सामने शनि मंदिर है और इस जगह पर स्कूल व कॉलेज की बसें भी खड़ी होती हैं और यहां से रोजाना सैकड़ों बच्चे पढ़ने के लिए बसों से अपने-अपने शिक्षण संस्थानों में जाते हैं। इसी जगह पर पांच से छह राष्ट्रीय बैंक भी हैं, जहां सुबह से शाम तक लोग अपने काम को लेकर आते-जाते रहते हैं।
अगर यहां शराब का ठेका व अहाता खुलता है तो पूरे क्षेत्र का माहौल खराब हो जाएगा। इससे चोरी होने का डर भी बढ़ जाएगा। लोगों ने मांग रखी कि इस ठेके को यहां से किसी दूसरी जगह शिफ्ट किया जाए।
कैंट बस स्टैंड के पास अहाता और ठेका होने से रोजाना बिगड़ता माहौल
अंबाला कैंट के बस स्टैंड के पास भी इसी प्रकार से एक शराब का ठेका और आहाता है। यहां पर भी आए दिन लोग झगड़ते देखे जा सकते हैं। इसको लेकर भी कई बार स्थानीय यात्री मांग उठा चुके हैं कि सार्वजनिक स्थान पर शराब का ठेका नहीं होना चाहिए। जबकि इससे कुछ ही दूरी पर अंबाला जगाधरी राजमार्ग पर पहले से ही एक शराब का ठेका है।