अंबाला। बिजली निगम अंबाला कैंट के कार्यकारी अभियंता और एचएसईबी वर्कर यूनियन के बीच चल रहा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा। एक तरफ अभियंता अपने ऊपर हुई टीका-टिप्पणी के लिए नाराज हैं। दूसरी तरफ यूनियन भी कार्यकारी अभियंता की ओर से की कार्रवाई पर रोष जता रही है।
इसी कड़ी में यूनियन का सर्किल कार्यालय अंबाला में चल रहा धरना प्रदर्शन मंगलवार को तीसरे दिन में प्रवेश कर गया। इस धरने में अंबाला सर्किल के अधीन सभी बिजली बोर्ड के कर्मचारी शामिल रहे। प्रदर्शन में यूनियन पदाधिकारियाें ने बताया कि कार्यकारी अभियंता की गलत कार्रवाई के खिलाफ वो सभी एकजुट हैं और यूनियन का स्टैंड बिलकुल साफ है।
जब तक अधिकारी द्वारा की गई इन व्यक्तिगत कार्रवाई को रद्द नहीं किया जाता, तब तक यूनियन का धरना प्रदर्शन जारी रहेगा और किसी मुद्दे पर कोई बातचीत नहीं की जाएगी। यूनियन पदाधिकारियों ने बताया कि केंद्रीय परिषद ने भी इस मुद्दे की गंभीरता को लेकर संज्ञान लिया है।
उनका कहना है कि यूनियन किसी पर निजी टिप्पणी नहीं करती, ये सार्वजनिक मंच होता है और कर्मचारी की उचित लंबित मांगों के लिए प्रदर्शन करना कर्मचारियों का अधिकार है। अगर इस तरह व्यक्तिगत कार्रवाई की जाने लगी तो यूनियन का वजूद खत्म हो जाएगा। अगर कोई नारेबाजी होती है तो सिर्फ पद और कुर्सी के खिलाफ होती है। अधिकारी द्वारा यूनियन के प्रदर्शन को निजी हमला बताना निंदनीय है और केंद्रीय परिषद की बात इस मुद्दे को लेकर निगम प्रबंधन के उच्च अधिकारियों के साथ हो रही है, जल्द ही सम्मानजनक फैसला आने की उम्मीद भी जताई गई है।
धरने प्रदर्शन की अध्यक्षता सर्किल सचिव धूलकोट राकेश जेई ने की और मंच का संचालन यूनिट प्रधान अंबाला कैंट सतबीर देशवाल ने किया। इस दौरान सर्किल सचिव ऑप्रेशन राजकुमार, टीएस अजय सैनी और तीनों यूनिटों के प्रधान, 12 सब यूनिटों के प्रधान व सचिव सहित बिजली बोर्ड के कर्मचारी मौजूद रहे।