अंबाला। आशा वर्करों ने हड़ताल व विशाल सत्याग्रह के बाद अपनी मांगों को लेकर किए जा रहे आंदोलन को तेज करते हुए छावनी की शास्त्री कॉलोनी स्थित गृह एंव स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज के निवास स्थान के बाद धरना दिया। प्रदर्शन करते हुए आशा वर्कर ने जमकर नारेबाजी की। हालांकि इलाका पुलिस ने आशा वर्कर को गृहमंत्री अनिल विज से मिलने नहीं दिया। आखिर में वह वापिस लौट गई। आशा वर्कर यूनियन की राज्य कमेटी ने सरकार व डायरेक्टर हेल्थ की वायदा खिलाफी व मानी गई मागो को लागू न करने के विरोध में प्रदर्शन किया। जिला सचिव कविता शर्मा, उपप्रधान प्रेमलता की अध्यक्षता में सीटू नेता अंजू वर्मा ने कहा कि कोविड-19 में काम कर रही आशाओं को जोखिम भत्ते के तौर पर 4 हजार रुपये व एक हजार प्रोत्साहन राशि का 50 प्रतिशत दिया जाए। गंभीर रूप से बीमार एवं दुर्घटना की शिकार आशाओं को सरकार के पैनल अस्पतालों में इलाज की सुविधा दी जाए व आशाओं को सामुदायिक स्तरीय स्थायी कर्मचारी बनाया जाए व जब तक पक्का कर्मचारी नहीं बनाया जाता तब तक हरियाणा सरकार का न्यूनतम वेतन दिया जाए और इसे महंगाई भत्ते के साथ जोड़ा जाए। ईएसआई एवं पीएफ की भी सुविधा दी जाए व आशा वर्कर्स को हेल्थ वर्कर का दर्जा दिया जाए। इस मौक पर जिला के उपप्रधान प्रेमलता, जिला सचिव कविता शर्मा, रजनी, सुमन, परमजीत आदि मौजूद रही।