अंबाला सिटी। नारायणगढ़ स्थित राधे कृष्ण बाल आश्रम से फरवरी माह में गायब हुए तीन बच्चों के मामले में बाल कल्याण समिति ने संज्ञान लिया है। इस मामले में काफी धीमी गति से कार्रवाई चल रही थी। अमर उजाला ने प्रमुखता से इस मामले को उठाया तो बाल कल्याण समिति ने भी इस पर संज्ञान लिया है।
मामले में पुलिस अधीक्षक और संबंधित नारायणगढ़ थाने को प्रभारी को समिति की तरफ से पत्र लिखा गया है। जिसमें कहा गया है कि तीन बच्चों को आश्रम से गायब हुए 60 दिन से अधिक का समय हो चुका है। मामला एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट में भी गया है। ऐसे में बच्चों को खोजने का काम जल्द से जल्द किया जाए। इसके साथ बाल कल्याण समिति की गायब हुए बच्चों से जुड़ी कुछ जानकारी मिली है, जिसको पुलिस के साथ साझा किया गया है। बच्चों ने समिति के साथ संपर्क स्थापित करने का काम किया था मगर जिस नंबर से संपर्क किया गया उस पर दोबारा से बात नहीं हो सके। ऐसे में पुलिस को मोबाइल नंबर की जानकारी दी गई है ताकि उस नंबर को सर्विलांस पर लेकर बच्चों की जानकारी प्राप्त की जा सके।
एससीपीसीआर भी उच्चाधिकारियों से कर रहा मंत्रणा
इस मामले में कुछ दिन पहले ही राज्य बाल अधिकारी संरक्षण आयोग यानि एससीपीसीआर के सदस्य अंबाला मामले की जांच करने आए थे। उन्होंने देखा था कि इस मामले में क्या सभी पक्षों ने समय से कदम उठाए थे या नहीं। इस पर सदस्यों ने पाया था कि सभी कदम समय से उठाए गए। ऐसे में उन्होंने अपनी रिपोर्ट राज्य बाल अधिकारी संरक्षण आयोग की चेयरपर्सन को सौंप दी है। जिसके बाद वह आगे रिपोर्ट पर निर्णय लेंगी। वहीं बताया जा रहा है कि आयोग उच्चाधिकारियों से इस मामले में सलाह ले रहा है।
यह है पूरा प्रकरण
दरअसल फरवरी माह में नारायणगढ़ के राधा कृष्ण बाल आश्रम से तीन बच्चे पतंग उड़ाते हुए गायब हो गए थे। जिनकी मिसिंग की रिपोर्ट नारायणगढ़ थाने में आश्रम के अधीक्षक द्वारा दर्ज कराई गई थी। इसके बाद से बच्चे मिसिंग ही चल रहे थे।