शताब्दी में मिली मक्खन की संदिग्ध टिक्कियों को लेकर अमर उजाला में प्रकाशित समाचार। फाइल फोटो
अंबाला। कालका शताब्दी से जब्त मक्खन की टिक्कियों को रेलवे ने जांच के लिए पंजाब की एक लैब में भेज दिया है, जिससे कि मामले की सच्चाई सामने आ सके। अगर यात्री की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार मक्खन की टिक्की में किसी प्रकार की मिलावट मिलती है तो शताब्दी में खाना परोसने वाले ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट किया जाएगा। उस पर भारी-भरकम जुर्माना भी होगा। अगर रिपोर्ट सही आई तो रेलवे की ओर से नियमानुसार कार्रवाई होगी। हालांकि यह फैसला रिपोर्ट आने के बाद होगा जोकि 10 से 15 दिन के अंदर रेलवे के उच्चाधिकारियों तक पहुंच जाएगी। दिल्ली निवासी विवेक धवन ने इस मामले की शिकायत रेल मंत्रालय सहित अन्य विभागों में भी कर दी है, जिससे कि मक्खन की जगह टिक्की में मिलावटी खाद्य पदार्थ बेचने और परोसने वालों पर सख्त से सख्त कार्रवाई हो सके।
यह था मामला
ट्रेन नंबर 12011 नई दिल्ली-कालका शताब्दी में मंगलवार को सुबह नाश्ते के दौरान एक नामी कंपनी की मक्खन की टिकी परोसी गई। विवेक धवन ने जैसे ही मक्खन की टिकी को खोला और इसे चैक किया तो यह घी था न कि मक्खन। उसने तुरंत ट्रेन में तैनात पैंट्री मैनेजर देवव्रत शर्मा को इसकी शिकायत की तो पैंट्री मैनेजर दुर्व्यवहार पर उतर आया। इसके बाद मामले की शिकायत ट्रेन मैनेजर अशोक कुमार को दी गई तो उन्होंने मामले की गंभीरता को लेकर अपने उच्चाधिकारियों से संपर्क किया। ट्रेन लगभग 10.27 बजे अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म एक पर पहुंची तो पहले ही मौके पर खड़े अधिकारी ट्रेन में सवार हो गए और संदिग्ध मक्खन की टिक्कियों से भरे डिब्बे को कब्जे में ले लिया। इसमें 26 बंद टिक्कियां थीं और छह खुली हुई टिक्कियां थीं।
वर्जन
कालका शताब्दी से जब्त की गई टिक्कियों को जांच के लिए लैब में भेजा गया है। जो भी रिपोर्ट आएगी,उसके आधार पर ही आगामी कार्रवाई की जाएगी। मामला देश की प्रीमियम ट्रेन से जुड़ा है, इसलिए इसमें जरा भी कोताही नहीं बरती जाएगी।
नवीन कुमार, वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधक, अंबाला मंडल।