अंबाला। ट्रेनों में अकेली महिला के ईद-गिर्द घेरा बनाकर चोरी करने वाला सांसी गिरोह एक बार फिर सक्रिय हो गया है। अपनी कार्यशैली के तहत उन्होंने एक ऐसी ही घटना को इलाहाबाद से चंडीगढ़ के बीच चलने वाली ऊंचाहार एक्सप्रेस में अंजाम दिया है और वो भी रात के समय नहीं बल्कि दिन के उजाले में। इस नए मामले ने सुरक्षा एजेसियों के लिए परेशानी खड़ी कर दी है। इस संबंध में कानपुर निवासी हेमला की शिकायत पर जीआरपी थाने में मामला दर्ज किया गया है।
हेमला ने बताया कि 10 जुलाई को रेलवे स्टेशन कानपुर से अंबाला छावनी में अपने मायके आने के लिए वो ट्रेन नंबर 14217 ऊंचाहार एक्सप्रेस के एसी कोच नंबर ए-1 की सीट नंबर 42 पर सफर कर रही थीं। उसे अपने भाई विजय कुमार की सगाई में शामिल होना था। जब ट्रेन अंबाला छावनी रेलवे स्टेशन से थोड़ा पहले मोहड़ी के पास पहुंची तो किसी अंजान व्यक्ति ने उसकी सीट पर आकर पर्दा हटाया और कहा कि मैडम रेलवे स्टेशन आने वाला है। कृपया आप अपना सामान निकालकर खिड़की की तरफ आ जाओ, वो स्टाफ से है। इसके बाद वो उसी समय अपना सामान, जिसमें एक बड़ा बैग था, सीट से निकालकर गेट के पास जाने लगी तो उस व्यक्ति ने कहा कि आप इस वाले दरवाजे से नहीं बल्कि दूसरे दरवाजे से उतरें। वो उसके बताए हुए गेट के पास पहुंची तो वहां पहले से ही खड़े 5-6 व्यक्ति ने उसके चारों तरफ घेरा बना लिया और उसे शौचालय की तरफ कर दिया। रेलवे स्टेशन आने से पहले जैसे ही उसने बैग को उठाने के लिए देखा तो बैग की सभी चेन टूटकर खुली हुई थी, लेकिन ताला सुरक्षित था। जब उसने अपना सामान चेक किया तो बैग के अंदर से उसकी एक सोने की चेन, तीन पाजेब, 5 ब्रेसलेट चांदी, एक अंगूठी चांदी, नथली सोने की थी, जो एक छोटे बैग के अंदर थे, वो नहीं मिले। जब उसने आवाज लगाई तो शोर सुनकर मौके पर टीटीई भी पहुंच गया। उसने जब लड़कों को शक के आधार पर पकड़ने की कोशिश की तो वो सभी चलती ट्रेन से नीचे कूद गए और फरार हो गए। इस दौरान टीटीई ने एक युवक को पकड़ा भी, लेकिन वो भी कमीज फटने के कारण हाथ से निकल गया। हेमला ने बताया कि ट्रेन में तैनात टीटीई, सुरक्षा टीम व उसने सभी आरोपियों को अच्छी तरह से देख लिया है और उन्हें सामने आने पर पहचान सकती है।
सूचना के बाद पहुंची थी टीम
ऊंचाहार में हुई घटना की सूचना मिलते ही आरपीएफ की टीमें मौके पर पहुंची थी, लेकिन इससे पहले सभी आरोपी फरार हो गए। यह मामला सांसी गिरोह से जोड़कर देखा जा रहा है। ऐसे कई मामलों में पहले भी सांसी ग्रुप की संलिप्तता पाई जा चुकी है। हालांकि अभी इस मामले को लेकर सभी अधिकारी चुप्पी साधे हैं, वहीं आरोपियों की धरपकड़ के लिए टीमों की तैनाती कर दी गई है।