धर्मशाला बाजार से नार्मल चौकी तक विरासत गलियारा बनाया जा रहा है। इसके 12.5 मीटर चौड़ीकरण के विरोध में दूसरे दिन भी शनिवार को घंटाघर व पांडेयहाता के व्यापारियों ने दुकान बंद कर धरना-प्रदर्शन किया। व्यापारी सड़क पर घंटों डटे रहे। व्यापारियों ने शुक्रवार को भी दुकानों को बंद कर प्रदर्शन किया था।
व्यापारियों का प्रतिनिधित्व कर रहे मनोज कुमार सिंह का कहना था कि दुकानों पर लाल निशान लगा दिए गए हैं। सड़क चौड़ीकरण से दुकानें टूट जाएंगी। घंटाघर से पांडेयहाता चौकी तक लगभग 300 दुकानें हैं। दुकानें 2.5 मीटर से तीन व चार मीटर ही लंबी हैं। सड़क की चौड़ाई बढ़ने से कई व्यापारियों की पूरी दुकान ही चली जाएगी।
कई की दुकानों का आधा हिस्सा समाप्त हो जाएगा। बचा हुआ हिस्सा भी किसी काम का नहीं रहेगा। व्यापारियों का व्यापार समाप्त हो जाएगा। व्यापारी विकास अग्रवाल ने बताया कि यहां लगभग 50 से 60 वर्षों से व्यापारी किराए पर दुकान चला रहे हैं।
दुकान टूटने पर वह कहां जाएंगे।
सरकार पहले उनकी व्यवस्था करे। उनका कहना था कि अगर चौड़ाई को आठ मीटर ही रखकर बिजली के तारों को अंडरग्राउंड ही कर दिया जाए तो दुकानें बचने के साथ-साथ सड़क भी चौड़ी दिखेगी। इससे रोजी-रोटी बची रहेगी। व्यापारी मनोज कुमार सिंह ने कहा कि घंटाघर से पांडेयहाता पुलिस चौकी तक 12.5 मीटर के सड़क चौड़ीकरण को रोककर आठ मीटर ही रहने दिया जाए।
उनका कहना था कि हमारी मांगे जब तक पूरी नहीं होंगी तब तक लगातार दुकानें बंद कर विरोध जाताएंगे। चाहे हमारे व्यापार का नुकसान ही क्यों न हो जाए। इस अवसर पर विकास अग्रवाल, मनोज कुमार सिंह, राजेश कुमार गुप्ता, मनीष पटवा, विनोद कुमार गुप्ता, दिलीप शर्मा आदि व्यापारी उपस्थित रहे।
घंटाघर से पांडेयहाता पुलिस चौकी तक सड़क की चौड़ाई बढ़ाने से व्यापारियों का 50 वर्षों का रोजगार समाप्त हो जाएगा। इस सड़क को आठ मीटर चौड़ा ही रहने दिया जाए:
अनुराग गुप्ता, व्यापारी, पांडेय हाता