गोरखपुर। परिवहन विभाग की लगातार निगरानी व डग्गामार वाहनों के चालान के बाद भी शहर में डग्गामार वाहनों का खेल नहीं रूक रहा है। इतना ही नहीें शहर के बाहर तक भी इनका नेटवर्क फैला हुआ है। अवैध तरीके से बिना परमिट के चल रहे वाहन सवारी बैठाकर परिवहन निगम के राजस्व को चूना लगा रहे हैं।
दोपहर लगभग 1 बजे के आसपास रेलवे स्टेशन से रेलवे बस स्टेशन तक की सड़क पर डग्गामार बस तो नहीं दिखी परंतु दर्जनों की संख्या में सड़क के किनारे अर्टिगा वाहन अवैध रूप से सवारियों को बैठाते हुए देखे गए। बहुत से वाहनों के ड्राइवर पैसे वाले यात्रियों की तलाश में देखे गए जिनसे वह अच्छा खासा मनमाना किराया वसूल सकें। हालांकि मंगलवार सुबह ही आरटीओ व परिवहन विभाग की संयुक्त टीम ने वाहनों का चालान किया गया बावजूद इसके यह खेल जारी रहा।
वहां के लोकल लोगों का कहना था कि लंबी दूरी से रेलवे बस स्टेशन पर आने वाली बसों के यात्रियों को यह निशाना बनाते हैं जिनको पड़रौना,देवरिया,कुशीनगर व सोनौली जाना होता है। इसके साथ ही डग्गामार बस वाले भी इसी समय मौका देखकर यात्री बैठाते हैं।
वर्जन
डग्गामार वाहनों पर एक अभियान के तहत कार्रवाई की जा रही है। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में टीम लगाई गई है,जो अवैध डग्गामार वाहनों का चालान कर रही है।
- नरेंद्र यादव ,एआरटीओ प्रवर्तन, परिवहन विभाग