उपकेंद्र मोतीराम के जंगल रामलखना में आठ खंभों के साथ 11 केवीए की लाइन शिफ्टिंग के मामले में तीन संविदा कर्मी को बर्खास्त किया गया है। साथ ही एसडीओ को चार्जशीट दी गई है। इसके पहले शनिवार को जेई और लाइनमैन का निलंबन किया गया था।
उपकेंद्र मोतीराम क्षेत्र के जंगल रामलखना में मई 2025 में आठ खंभों की एचटी लाइन को शिफ्ट करने का मामला सामने आया था। इसकी जांच मुख्य अभियंता ने शहर क्षेत्र के अधीक्षण अभियंता को सौंपी थी। जांच 31 दिसंबर को पूरी होने के बाद अधीक्षण अभियंता ने जांच रिपोर्ट मुख्य अभियंता को सौंप दिया था।
मुख्य अभियंता ने रिपोर्ट अधीक्षण अभियंता ग्रामीण प्रथम को भेजने के साथ ही जांच में आरोपी पाए गए कर्मियों पर कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इस पर अधीक्षण अभियंता ग्रामीण प्रथम, केके राठौर ने शनिवार देर रात जेई और लाइनमैन को निलंबित कर दिया। साथ ही तीन संविदा कर्मियों को बर्खास्त कर दिया। वहीं जांच रिपोर्ट में एसडीओ को पर्यवेक्षण निरीक्षण का आरोपी पाया गया था।
चूंकि 11 केवीए की लाइन की जिम्मेदारी जेई और एसडीओ दोनों की होती है। ऐसे में एसडीओ को चार्जशीट दी गई है।
मामले में एसडीओ पर अनुशासनिक कार्रवाई के लिए संस्तुति करने के साथ ही चार्जशीट भी दी गई है:
केके राठौर, अधीक्षण अभियंता, ग्रामीण प्रथम