शहर में करीब 1400 से ज्यादा आरओ वॉटर प्लांट और 700 से अधिक वाहन धुलाई सेंटर हैं। आरओ सिस्टम के जरिए पानी शुद्ध करने के लिए रिवर्स ऑस्मोसिस प्रक्रिया अपनाई जाती है। इसके तहत पानी शुद्ध करने पर 100 लीटर पानी में सिर्फ 40 लीटर साफ पानी मिलता है, जबकि 60 लीटर वेस्ट हो जाता है। इस तरह अगर शहर में रोजाना एक लाख लीटर पानी की खपत हो रही है, तो डेढ़ लाख लीटर पानी बर्बाद हो जा रहा है। इस हिसाब से सिर्फ आरओ प्लांट और गाड़ी धुलाई सेंटरों से हजारों लीटर पानी रोजाना बर्बाद होता है। इनमें से ज्यादातर का पंजीकरण भी नहीं है। घरेलू कनेक्शन का टैक्स देकर ये पानी का व्यावसायिक उपयोग कर रहे हैं।
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कोट
पानी के व्यावसायिक इस्तेमाल किए जाने को लेकर नियमावली बनाने का प्रस्ताव तैयार किया जाएगा। इसके बाद पानी की बर्बादी करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
गौरव सिंह सोगरवाल, नगर आयुक्त
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बिना सीवर लाइन के हैंडओवर नहीं होंगी जीडीए की कॉलोनियां
नगर निगम की ओर से जीडीए की अनेक कालोनियों का हैंडओवर लिया जा रहा है जबकि उन कालोनियों में सीवर लाइन नहीं डाली गई है। पार्षद विश्वजीत त्रिपाठी ने इस मुद्दे को पूर्व में उठाया था, बैठक में इस पर विचार किया गया। निर्णय हुआ कि शहर के अंदर जीडीए द्वारा विकसित जितनी भी काॅलोनियों का हैंडओवर लिया गया है अथवा लिया जा रहा है उन्हें सूचित किया जाए कि जीडीए द्वारा विकसित की गयी कालोनियों में सीवर लाइन की व्यवस्था सुनिश्चित करायें तभी कालोनियों का हैंडओवर नगर निगम द्वारा लिया जाएगा। जिन कालोनियों का हैंडओवर पूर्व में लिया जा चुका है उनमें भी सीवर लाइन की व्यवस्था जीडीए द्वारा कराये जाने के लिए पत्र लिखा जाएगा।
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कार्यकारिणी सदस्यों की इंदौर में ट्रेनिंग
नगर निगम कार्यकारिणी सदस्यों की इंदौर में ट्रेनिंग होगी। यह सदस्य स्वच्छ सर्वेक्षण की बारीकियों को जानेंगे। इनके साथ नगर निगम के दो अधिकारी भी जाएंगे। इसके साथ ही सभी सदस्यों ने शहर में एक हफ्ते लगातार बारिश के बाद भी जलभराव न होने पर नगर आयुक्त और उनकी टीम के प्रति धन्यवाद प्रस्ताव पारित किया।
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पथ प्रकाश और पेयजल पर जताई नाराजगी
गिरधरगंज के पार्षद रणंजय सिंह जुगनू ने पथ प्रकाश, पेयजल, निर्माण और सफाई व्यवस्था पर नाराजगी जताई। कहा कि ट्यूबवेल की टाइमिंग ठीक की जाए। सप्लाई में आ रहे गंदे पानी को साफ किया जाए। कई पार्षदों ने नो पार्किंग से वाहनों के उठाने का मुद्दा उठाया। कहा कि जैसे आम लोगों से जुर्माना वसूला जा रहा है वैसे ही रसूखदारों से भी हो। उनके नाम पर लोग बिना जुर्माना दिए निकल जाते हैं।
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इन प्रस्तावों पर भी लगी मोहर
मेयर डाॅ. मंगलेश श्रीवास्तव की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में नगर निगम की चालू मांग पर एक से 31 जुलाई तक डिजिटल कैश पेमेंट करने पर 15 प्रतिशत एवं अन्य माध्यम से भुगतान करने पर 10 प्रतिशत की छूट और एक से 31 अगस्त तक डिजिटल पेमेंट करने पर 12 प्रतिशत एवं अन्य माध्यम से भुगतान करने पर आठ प्रतिशत छूट प्रदान किये जाने की स्वीकृति प्रदान की गयी। यूनिपोल अधिष्ठापन निर्धारित विज्ञापन अनुज्ञा शुल्क में 25 प्रतिशत विज्ञापन अनुज्ञा शुल्क वृद्धि के साथ एवं यदि इसके अतिरिक्त संस्था द्वारा यदि यूनिपोल स्थापित करने की मांग की जाती है तो विज्ञापन अनुज्ञा शुल्क सहित वर्तमान में प्राप्त अधिकतम प्रीमियम में जो 15 प्रतिशत वृद्धि के साथ स्थल आवंटित किये जाने का प्रस्ताव पारित किया गया।
ग्राम सुथनी में इंटीग्रेटेड साॅलिड वेस्ट मैनेजमेंट सिटी की संकल्पना को लेकर प्रस्ताव पारित किया गया। विभिन्न सड़क व नाली निर्माण कार्य के साथ ही विकास कार्यो को कराये जाने का प्रस्ताव सर्वसम्मिति से पारित किया गया। सीएंडडी वेस्ट प्लांट पर वाहनों से वेस्ट निस्तारण के शुल्क का अनुमोदन कार्यकारिणी समिति द्वारा किया गया। बैठक में कार्यकारिणी सदस्यों के अलावा नगर निगम के सभी अधिकारी मौजूद रहे।