गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में छात्र गुटों के विवाद से जुड़े लूट और धमकी के मुकदमे में छात्र नेताओं को बृहस्पतिवार को अदालत से राहत मिली। कैंट पुलिस की ओर से रिमांड के लिए दाखिल प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के बाद एसडीएफटीसी कोर्ट ने रिमांड अर्जी निरस्त कर दी। आरोपियों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता ने पक्ष रखा। अदालत के आदेश के बाद मुकदमे में वांछित बनाए गए छात्र नेताओं को राहत मिली है। वहीं, शांतिभंग के मामले में जेल भेजे गए सतीश प्रजापति की रिहाई का रास्ता भी साफ हो गया है। एबीवीपी के पदाधिकारी की तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज हुई थी।