गोरखपुर। इस बार जीडीए की संपत्तियों में महज 10 से 12 प्रतिशत की ही बढ़ोत्तरी होगी। नई दरें एक अप्रैल से लागू हो जाएगा। पहले हर साल जीडीए की संपत्तियों पर 15 से 18 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी होती थी।
प्राधिकरण की संपत्तियों की कीमतों में हर साल 15 से 18 प्रतिशत की बढ़ोतरी होने से आमजन पर भार ज्यादा पड़ जा रहा था। यही वजह है कि प्राधिकरण की कई संपत्तियां बिक नहीं पा रही थीं और अलोकप्रिय की श्रेणी में पहुंच गईं। शासन से संवाद के बाद पिछले साल अगस्त 2023 में हुई प्राधिकरण बोर्ड बैठक में दर कम करने का प्रस्ताव रखा गया। मंथन के बाद निर्णय किया गया कि अब हर साल एक अप्रैल को आवासीय संपत्तियों की कीमतों में 10 प्रतिशत और व्यावसायिक संपत्तियों की कीमतों में 12 प्रतिशत ही वृद्धि की जाए। इसी क्रम में एक अप्रैल से इन्हीं दरों के हिसाब से प्राधिकरण अपनी संपत्तियों की कीमतों में वृद्धि करने जा रहा है।
जीडीए टावर समेत अलोकप्रिय संपत्तियों की कीमतें भी घटेंगी
प्राधिकरण की अलोकप्रिय संपत्तियाें की कीमतों में भी जल्द ही बड़ी राहत मिल सकती है। इनकी कीमतें घटाने की तैयारी चल रही है। इस संबंध में शासन स्तर की कमेटी मंथन कर रही है। इस कमेटी में गोरखपुर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष आनंद वर्द्धन भी शामिल हैं। दो-तीन बार बैठकें भी हो चुकी हैं। प्रस्ताव को अंतिम रूप भी दिया जा चुका है। माना जा रहा है कि लोकसभा चुनाव समाप्त होने के अगले एक महीने में ही अलोकप्रिय संपत्तियों का संशोधित दर घोषित कर दी जाएगी। जीडीए टॉवर समेत कई सम्पत्तियां अलोकप्रिय सम्पत्तियों की श्रेणी में हैं।
पिछले साल हुई 124वीं बोर्ड बैठक के निर्णयों के मुताबिक एक अप्रैल 2024 से जीडीए की आवासीय संपत्तियों की कीमतों में 10 और व्यावसायिक संपत्तियों की कीमतों में 12 प्रतिशत की ही वृद्धि की जाएगी। यही नहीं अलोकप्रिय संपत्तियों की कीमतें भी घटाने का प्रयास चल रहा है। इस संबंध में शासन स्तर पर कमेटी गठित है। कुछ बैठकें भी हो चुकी हैं। जल्द ही निर्णय हो जाने की भी उम्मीद है। इससे आमजन को बड़ी राहत मिलेगी।
-आनंद वर्द्धन, उपाध्यक्ष, जीडीए