गोरखपुर शहर के मशहूर शिक्षाविद् मोहम्मद ईसा खां का मंगलवार देर रात पीजीआई लखनऊ में इलाज के दौरान देहांत हो गया। ईसा खां कुछ समय से बीमारी से जूझ रहे थे। उनके निधन पर शिक्षा जगत और संभ्रांत नागरिकों ने दुख व्यक्त किया है।
मियां साहब इस्लामिया इंटर कॉलेज के प्रबंधक महबूब सईद हारिस ने बताया कि ईसा खां को जिले में विज्ञान की शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए याद किया जाता है। शिक्षा के क्षेत्र में बेहतरीन कार्य करने के लिए उन्हें वर्ष 1993 में तत्कालीन राष्ट्रपति शंकर दयाल शर्मा ने सम्मानित किया था।
ईसा खां ने 1988 से 1997 तक जुबली इंटर कॉलेज में विभिन्न पदों पर रह कर शिक्षा का स्तर ऊंचा किया। मार्च 1997 से जून 1999 तक वह जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी और वक्फ कमिश्नर रहे। जुलाई 1999 से 2006 तक उन्होंने इस्लामिया इंटर कॉलेज में प्रधानाचार्य का पद संभाला।
इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा देने के लिए प्रदेश स्तरीय विज्ञान मेले का आयोजन कराया और अंतरजनपदीय सेमिनार, वर्कशॉप आदि भी कराई। उनके देहांत से शिक्षाजगत स्तब्ध है।
इस्लामिया कॉलेज के प्रिंसिपल जफर अहमद खां सहित शिक्षा जगत से जुड़े हसन जमाल, डॉ. रफीउल्लाह बेग, चौधरी नजमुद्दीन, हाजी सुब्हानल्लाह, हफीजुल हसन, नौशाद अली सब्जपोश, डॉ. फरहत उल्लाह, अब्दुस्सलाम एडवोकेट, प्रमोद श्रीवास्तव, अनिल शाही आदि ने शोक व्यक्त किया।