गोरखनाथ मंदिर परिसर में स्थित बीएसएनल के टावर पर ही मैनपुरी का युवक नौशाद अचानक चढ़ गया। सीएम गोरखनाथ मंदिर में ही जनता कार्यक्रम में थे। अचानक टॉवर पर चढ़ने की सूचना से मंदिर में थोड़ी देर के लिए अफरा तफरी मच गई। पुलिस और अन्य सुरक्षा दल के लोग नौशाद को बचाने और सुरक्षित नीचे उतारने के लिए टॉवर के पास पहुंचे। तरकीबन आधे घंटे की मशक्कत के बाद नौशाद को नीचे उतारा गया।
नीचे उतारे जाने पर उसने अपनी आपबीती बताई। सीएम योगी से मिलकर अपनी फरियाद सुनाना चाह रहा था। अपने साथ एक शिकायती पत्र लाया था। इसमें लिखा था कि प्रार्थी नौशाद अली मैनपुरी का रहने वाला है। छह साल पहले उसने सनातन धर्म अपना लिया था।
मेरे साथ मेरी पत्नी ने भी अपनाया था। मेरे ही धर्म के लोगों ने मेरे उपर झूठा केस दर्ज करवा मुझे जेल में भिजवा दिया। प्रार्थी मैनपुर में मंदिर में ही रहता है और वहां सेवा सफाई का काम करता है। कांवड़ में प्रार्थी ने जल चढ़ाई भी किया था। हमने पुरे मामले की जानकारी कांवड़ा यात्रा शुरू करने से पहले एसपी को भी दिया था।
बताया कि उनके धर्म के लोगों ने जलभर कर लाए कांवड़ को घर नहीं ले जाने दिया। मंदिर में ही कांवड़ के जल भी रखना पड़ा। सीएम से मिलकर अपनी फरियाद सुनाना चाह रहा था।