कैंट थाना पुलिस ने सोमवार सुबह नशा तस्करी के एक संगठित प्रयास को नाकाम करते हुए छात्रसंघ चौराहे के पास से मां-बेटी समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया। इनके पास से झोले में रखा 20 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ है। पुलिस के मुताबिक, तीनों आरोपी वाराणसी से ट्रेन के जरिये गांजा लेकर गोरखपुर पहुंचे थे और इसे राजघाट इलाके में बेचने की तैयारी में थे।
जांच में सामने आया कि भीड़ में पहचान छिपाने के लिए आरोपी खुद को स्नान के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं की तरह प्रस्तुत कर रहे थे, ताकि किसी को शक न हो। पूछताछ में बताया गया कि गांजा वाराणसी में करीब आठ हजार रुपये प्रति किलो की दर से खरीदा गया था, जिसे गोरखपुर में अधिक कीमत पर बेचने की योजना थी।
गिरफ्तार आरोपियों में किरन निषाद शामिल है, जो मूल रूप से बेलीपार थाना क्षेत्र के जूड़ापुर की रहने वाली है और वर्तमान में राजघाट थाना क्षेत्र के अमरूदमंडी इलाके में रह रही थी। उसके साथ उसकी बेटी भोली और सहयोगी कृष्ण कुमार निषाद उर्फ टेगना निवासी जीतपुर प्रथम थाना गीड़ा को भी पकड़ा गया।
पुलिस के अनुसार, किरन निषाद का नाम पहले भी गांजा तस्करी में सामने आ चुका है और पति की मृत्यु के बाद वह इस धंधे में सक्रिय रही। बेटी और सहयोगी भी लंबे समय से उसका साथ दे रहे थे। पुलिस ने तीनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से जेल भेज दिया गया।