गोरखपुर। रामगढ़ताल के नौका विहार पर इकरारनामा के विरुद्ध बोट के संचालन पर जीडीए ने फर्म का लाइसेंस निरस्त करते के हुए उसे ब्लैक लिस्ट कर दिया है। जीडीए के अधिशासी अभियंता ने संचालक को तत्काल प्रभाव से नया सवेरा के प्लेटफार्म नंबर 6 से स्पीड बोट के संचालन पर रोक लगाते हुए प्लेटफार्म को खाली करने का आदेश जारी किया है।
बलिया जिले के बेल्थरा क्षेत्र के बीबीपुर गांव निवासी प्रियंका दूबे पत्नी बृजेश कुमार दूबे को रामगढ़ताल परियोजना के अंतर्गत नया सवेरा पर प्लेटफार्म नंबर 6 से स्पीड बोट के संचालन की अनुमति दी गई। 20 जुलाई 2022 को उन्होंने तत्कालीन जीडीए उपाध्यक्ष को प्रार्थना पत्र देकर नया सवेरा के प्लेटफार्म नंबर एक से संचालन की अनुमति मांगी। उनके अनुरोध पर तत्कालीन जीडीए उपाध्यक्ष ने इस शर्त के साथ प्लेटफार्म नंबर एक से स्पीड बोट के संचालन की अनुमति की दी की आवश्यकता पड़ने पर इसे खाली करा लिया जाएगा। जीडीए उपाध्यक्ष द्वारा 22 नवंबर 2023 को आदेश जारी कर प्लेटफार्म नंबर 6 से स्पीड बोट संचालन का आदेश दिया। इसके बाद दो दिसंबर 2023 को जीडीए उपाध्यक्ष द्वारा पत्र जारी कर अवगत कराया गया कि मनमाने तौर पर अब भी प्लेटफार्म नंबर एक से ही बोट का संचालन किया जा रहा। इकरारनामा विरुद्ध फर्म द्वारा स्पीड बोट के अलावा जेटस्की वाटर काप्ट एवं बड़ी बोट (मोटर बोट) का संचालन करते हुए भी पाया गया है। जांच में यह भी मिला है कि बोट में मानक के विपरीत अधिक पर्यटक भी बैठाए जा रहे थे।
जीडीए के अधिशासी अभियंता नरेंद्र कुमार ने 11 मार्च को पत्र जारी कर प्रियंका दूबे पत्नी बृजेश कुमार दूबे को तत्काल प्रभाव से स्पीड बोट का संचालन बंद करने के साथ प्लेटफार्म को खाली करने का आदेश जारी किया है।