बरसाना से गोरखपुर आए कथा व्यास आचार्य हेमंत कृष्ण ने कहा कि भाव से विचार आता है और विचार से ही समर्पण की भावना आती है। समर्पण की भावना से ही गोपाल मिलते हैं। यदि भाव नहीं है तो विचार नहीं आएंगे और विचार नहीं आएंगे तो समर्पण नहीं होगा। बिना समर्पण गोपाल का मिलना असंभव है।
आचार्य हेमंत कृष्ण गीता वाटिका में श्रोताओं को श्रीमद्भागवत कथा का रसपान करा रहे थे। पांचवें दिन की कथा में उन्होंने नंदोत्सव, पूतना उद्धार, नामकरण कथा, श्रीकृष्ण माखन चोरी कथा, कालीयनाग पर कृपा और श्री गोवर्धन पूजा की कथा सुनाई। यजमान अतुल अग्रवाल, शशि अग्रवाल, विनोद कुमार, अन्नपूर्णा अग्रवाल, अविरल और राजश्री अग्रवाल ने व्यासपीठ का पूजन किया।