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गोरखपुर: पोखरी की जमीन से अतिक्रमण हटवाने के लिए लगाया जाम, अफसरों ने कार्रवाई का दिया भरोसा

Tue, 08 Aug 2023 12:57 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

धरना व सड़क जाम में मौजूद अजय पासवान, प्रतीक त्रिपाठी, सत्यम गोस्वामी, सतीश प्रजापति आदि ने बताया कि पोखरी पर कब्जे को लेकर करीब एक महीने से तनातनी चल रही है। जुलाई में इसे लेकर हुई कहासुनी के बाद पुलिस पहुंची थी।
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विरोध प्रदर्शन करते वार्ड नंबर 56 रघुपति सहाय फिराक नगर दाउदपुर गोपालपुर रसूलपुर के नागरिक। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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गोपलापुर-रसूलपुर मोहल्ले में स्थित एक पोखरी से अतिक्रमण हटवाने की मांग को लेकर कुछ लोग सोमवार की दोपहर में कलक्ट्रेट परिसर में धरना देने लगे। अफसरों ने बात नहीं सुनी तो कलक्ट्रेट के सामने की सड़क पर जाम लगा दिया। इसके बाद पुलिस व प्रशासनिक अफसरों ने कार्रवाई का भरोसा देकर जाम खत्म कराया।

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धरना दे रहे लोगों की अगुवाई कर रहे मनीष ओझा ने बताया कि वार्ड नंबर 56 रघुपति सहाय फिराक नगर (गोपलापुर-रसूलपुर) में एक एकड़ 50 डिस्मिल की पोखरी है व खलिहान की जमीन है। इसमें काफी समय तक धोबीघाट व मछली पालन का काम होता रहा। अब इस जमीन पर कुछ लोग मिट्टी डालकर कब्जा कर रहे हैं। आरोप लगाया कि पोखरी, खलिहान, नाले आदि की जमीन को अपना बताकर मिट्टी पाट रहे हैं।

धरना दे रहे लोग इस मामले में त्वरित कार्रवाई चाहते थे, लेकिन अफसरों ने जांच कराकर कार्रवाई की बात कही तो लोगों ने कलक्ट्रेट के सामने सड़क पर जाम लगा दिया। मनीष ने बताया कि एडीएम सिटी ने राजस्व विभाग से इसकी जांच कराकर कार्रवाई का भरोसा दिया है।
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कई दिनों से चल रहा है विवाद

धरना व सड़क जाम में मौजूद अजय पासवान, प्रतीक त्रिपाठी, सत्यम गोस्वामी, सतीश प्रजापति आदि ने बताया कि पोखरी पर कब्जे को लेकर करीब एक महीने से तनातनी चल रही है। जुलाई में इसे लेकर हुई कहासुनी के बाद पुलिस पहुंची थी। दोनों पक्ष पर कार्रवाई या विवाद का हल कराने की बजाय मिट्टी भराई का विरोध करने वालों को ही कार्रवाई की चेतावनी देकर लौट आई। लोगों ने आरोप लगाया कि सार्वजनिक जमीन पर हो रहे कब्जा को प्रशासन रोक नहीं रहा है और पुलिस भी उन्हीं की मदद कर रही है।
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