गोरखपुर। एचआइवी मरीजों के खून के नमूने की जांच रिपोर्ट के लिए अब लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। बीआरडी मेडिकल काॅलेज के माइक्रोबायोलाॅजी विभाग में अब जांच की सुविधा मिल जाएगी। इसके लिए अत्याधुनिक आरटी-पीसीआर (रीयल टाइम- पालीमरेज चेन रिएक्शन) कोबास 5800 मशीन स्थापित कर दी गई है। खास बात यह है कि मशीन से ढाई घंटे में रिपोर्ट मिलेगी और रिपोर्ट से पता चल सकेगा कि दवा असरदार है या नहीं। वर्तमान समय में बीआरडी मेडिकल कॉलेज से एचआइवी मरीजों के नमूने वायरल लोड जांच के लिए बीएचयू भेजे जाते हैं। वहां से रिपोर्ट आने में डेढ़ से दो महीने तक लगते हैं। नई सुविधा शुरू होने के बाद मरीजों को रिपोर्ट के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। जांच की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दो से चार दिन में रिपोर्ट उपलब्ध करा दी जाएगी। यह मशीन रोश कंपनी ने सशर्त निशुल्क उपलब्ध कराई है। शर्त के मुताबिक, जांच में इस्तेमाल होने वाले सभी रीएजेंट उसी कंपनी से खरीदे जाएंगे। काॅलेज ने कंपनी की इस शर्त को स्वीकार कर लिया है। रीएजेंट की कीमत सरकारी संस्थानों को उपलब्ध कराए जाने वाले निर्धारित रेट के अनुसार होगी। मशीन के रखरखाव की जिम्मेदारी भी कंपनी की होगी। भारत सरकार की टीम मशीन और व्यवस्था का निरीक्षण कर अनुमति देगी जिसके बाद नियमित जांच शुरू की जाएगी।