गोरखपुर। सिपाही से मारपीट प्रकरण में डॉक्टर पर केस दर्ज कराने के लिए कोर्ट में बीएनएस 175 (3) के तहत मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजीएम) के यहां प्रार्थना पत्र डाला गया है। सिपाही के अधिवक्ता ऋषिकेश पांडेय ने बताया कि मामले में कैंट थाने से केस से संबंधित रिपोर्ट नहीं आने से शुक्रवार को कोर्ट में सुनवाई पूरी नहीं हो पाई। कोर्ट में अब 24 अक्तूबर को सुनवाई होगी। सिपाही पंकज की पत्नी अदिति ने डॉक्टर अनुज सरकारी और क्लीनिक के स्टाफ पर केस दर्ज कराने के लिए कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया है।
उधर, कोर्ट ने डॉक्टर पर हमले करने वाले आरोपी पंकज कुमार की जमानत बुधवार को मंजूर कर ली है। सोमवार तक पंकज जेल से रिहा हो सकते हैं। परिजन रिहाई की प्रक्रिया पूरी कर रहे हैं। तीन अक्तूबर को बलिया के निलंबित सिपाही पंकज कुमार पत्नी की रिपोर्ट दिखाने डॉ. अनुज सरकारी के पास आए थे। इस दौरान अल्ट्रसाउंड की फीस को लेकर धक्का-मुक्की हुई। इसके बाद हॉस्पिटल कर्मचारियों ने सिपाही को पीट दिया। अगले दिन चार अक्तूबर को सिपाही पकंज फिर आए। आरोप है कि उन्हाेंने डॉ. अनुज सरकारी के चेंबर में घुसकर हथौड़े से उनके सिर पर हमला कर दिया। इसमें केस दर्ज कर पुलिस ने सिपाही को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। इसके बाद से ही सिपाही को न्याय दिलाने के लिए कई संगठन और आम जनमानस आवाज उठा रहे हैं।