गूगल पर हिमाचल प्रदेश के बैंक मैनेजर का नंबर खोजकर मदद मांगना एयरफोर्स कर्मी मनीष कुमार को महंगा पड़ गया। कॉल कर पत्नी का बैंक खाता अनफ्रीज करने के लिए मदद मांगने पर जालसाज ने बातों में उलझाकर एयरफोर्स कर्मी के बैंक खाते का पूरा विवरण ले लिया।
उसी बैंक खाते पर 7.49 लाख का लोन ले लिया। जालसाजी का अहसास होने पर एम्स क्षेत्र के एयरफोर्स में रहने वाले मनीष कुमार ने साइबर अपराध थाने में अज्ञात जालसाज पर केस दर्ज कराया है।
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के जयसिंहपुर निवासी मनीष कुमार ने साइबर अपराध थाने में तहरीर दी है। इसमें लिखा है कि उनकी पत्नी का बैंक खाता फ्रीज हो गया था, उसे अनफ्रीज कराने के लिए हिमाचल प्रदेश के जयसिंहपुर में स्थित पंजाब नेशनल बैंक के मैनेजर का फोन नंबर गूगल से सर्च करके निकाला।
उसपर कॉल की तो रिसीव करने वाले व्यक्ति ने खुद को बैंक का मैनेजर राकेश बताया। उससे खाता अनफ्रीज कराने के बारे पूछा।
इसके बाद उसने व्हाॅट्सएप पर एपीके फाइल भेजी, जिसे डाउनलोड करने के लिए कहा। उसके कहने के मुताबिक, एपीके फाइल में बैंक का खाता नंबर, मोबाइल नंबर, जन्म तिथि और शिकायत डाली, मैनेजर ने कहा था कि इतना करते ही खाता अनफ्रीज हो जाएगा। दो घंटे बाद कॉल आई तो मैनेजर ने कहा कि जिस बैंक में रुपये भेजे हैं, उसका विवरण दीजिए, ताकि पता चल सके कि सही तरीके से ट्रांजेक्शन किया गया है या नहीं।
मनीष कुमार का आरोप है कि दूसरे दिन फिर मैनेजर ने कॉल कर कहा कि उनकी पत्नी का खाता अनफ्रीज हो जाएगा, इसके लिए अपने एसबीआई के खाते का विवरण देना होगा। विवरण देने के आधे घंटे बाद उन्होंने अपने खाते का पासवर्ड बदल दिया।
22 नवंबर को पता चला कि उनके बैंक खाते पर 7.49 लाख रुपये का लोन ले लिया गया है। इसमें से 5.90 लाख रुपये निकाल भी लिए गए। उन्हाेंने गोरखपुर स्थित एसबीआई बैंक में कॉल कर अपना खाता फ्रीज करवाया और 1930 पर शिकायत दर्ज कराई।