गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज के दौर की सबसे बड़ी जरूरत मांग के अनुरूप आपूर्ति के लिए मार्केट की मैपिंग करने की है। यदि हम समाज की आवश्यकता के अनुसार मार्केट की मैपिंग नहीं करेंगे तो बेरोजगारों की फौज तैयार कर लेंगे। ऐसे में यह आवश्यक हो जाता है कि इंडस्ट्री की जरुरतों के मुताबिक हमारे शिक्षण-प्रशिक्षण संस्थान कोर्स तैयार करें, जो युवाओं को अगले 20-25 वर्षों तक पैरों पर खड़ा कर सके। इसके लिए संस्थानों को क्षेत्रीय, देश और दुनिया की आवश्यकता के अनुरूप मैपिंग कराकर कोर्स चलाने होंगे, क्योंकि रटी-रटाई बातों को लेकर चलने से हम पिछड़ जाएंगे..।
सीएम योगी दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के दीक्षा भवन में सैमसंग इनोवेशन कैंपस की ओर से आयोजित प्रमाणपत्र वितरण समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री इंटर्नशिप योजना के जरिये सरकार आत्मनिर्भर भारत की परिकल्पना को शिक्षण संस्थानों के कैंपस से ही साकार करने जा रही है। कैंपस में ही ट्रेनिंग दिलाकर यूथ को जॉब दिलाने या स्टार्टअप शुरू करने की गारंटी दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि इस योजना में फाइनल ईयर के छात्र के प्रोजेक्ट वर्क को किसी इंडस्ट्री में इंटर्नशिप से जोड़ा जाएगा। इसमें छात्र को आधा मानदेय सरकार और आधा मानदेय संबंधित इंडस्ट्री की ओर से दिया जाएगा।
उन्होंने इनोवेशन कैंपस के लिए सैमसंग की सराहना करने के साथ अपेक्षा जताई कि जिन छात्रों को प्रशिक्षण प्राप्त हुआ है, उन्हें सैमसंग की नोएडा यूनिट का भ्रमण भी कराया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इससे सैमसंग इनोवेशन कैंपस से प्रशिक्षण प्राप्त 3500 छात्रों को व्यावहारिक ज्ञान के साथ इंडस्ट्री की चुनौतियों को भी समझने का अवसर मिलेगा।
सोशल इम्पैक्ट स्टडी करें विश्वविद्यालय व संस्थान, पैसे सरकार देगी
मुख्यमंत्री ने गोरखपुर विश्वविद्यालय एवं अन्य शिक्षण संस्थानों का आह्वान किया कि वे सोशल इम्पैक्ट स्टडी (सामाजिक प्रभाव अध्ययन) करें, क्योंकि कोई भी निवेशक किसी क्षेत्र में यूनिट लगाने या निवेश करने के लिए उस क्षेत्र के सामाजिक प्रभावों को परखता है। सरकार खुद इसके लिए करोड़ों रुपये खर्च करती है। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में बाढ़ के कारण और समाधान को लेकर या फिर यहां के इतिहास पर सोशल इम्पैक्ट स्टडी की जा सकती है। इसके लिए सरकार पैसा देगी। इससे विश्वविद्यालय व संस्थानों को अतिरिक्त आय तो होगी ही, छात्रों को नया अनुभव मिलेगा। उन्होंने कहा कि लकीर का फकीर बनने की बजाय हमें नवाचार पर ध्यान देना होगा।
सीएम ने युवाओं का किया आह्वान...मेहनत से न भागें, परिश्रम की पराकाष्ठा पर पहुंचें
सीएम योगी ने छात्रों को सफलता हासिल करने का मंत्र देते हुए कहा कि परिश्रम की पराकाष्ठा पर पहुंचिए। छह घंटे की बजाय 12 से 14 घंटे काम करने की आदत डालिए। कार्य कमजोर नहीं करता है, बल्कि कुछ न कुछ सिखाता है। अधिक कार्य करके ही आप पीएम मोदी के डिजिटल इंडिया को मजबूत कर पाएंगे। टैबलेट या मोबाइल का उपयोग तकनीकी रूप से मजबूत होने के लिए करें।