गोरखपुर। शहरवासियों के अलावा मुजफ्फरपुर-लखनऊ और वाराणसी-सोनौली हाई-वे से यात्रा करने वालों के लिए कालेसर जीरो प्वाइंट आने वाले समय में खरीदारी के लिहाज से आकर्षण का बड़ा केंद्र होगा। इस प्वाइंट पर गोरखपुर औद्योगिक विकास प्राधिकरण की तरफ से 90 एकड़ क्षेत्रफल में एक व्यावसायिक क्षेत्र विकसित किया जा रहा है। जहां ब्रांडेड कपड़े-खाने से लेकर गाड़ियों तक के शोरूम होंगे। शहर से बाहर अच्छे होटल-रेस्त्रां, सिनेमाघर की सुविधा वाली इस जगह पर लोग खरीदारी के साथ-साथ छुट्टी का भी आनंद ले सकेंगे। इस व्यावसायिक क्षेत्र में प्लॉटों का रेट भी गीडा प्रशासन ने तय कर दी है।
कालेसर जीरो प्वाइंटर पर गीडा ने करीब 210 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया है। इसमें से 120 एकड़ में आवासीय क्षेत्र व 90 एकड़ में व्यावसायिक क्षेत्र विकसित करने की योजना है। तीन दिन पहले गीडा बोर्ड की बैठक में इस व्यावसायिक क्षेत्र को लेकर चर्चा की गई। इसका ले आउट भी प्रस्तुत किया गया, जिसे बोर्ड ने मंजूरी दे दी। इस व्यावसायिक क्षेत्र में 500 वर्ग मीटर से लेकर 10 एकड़ तक के प्लॉट प्रस्तावित हैं। यहां प्लॉट का बेस प्राइज 49000 रुपये प्रति वर्ग मीटर रखा गया है।
लुलु मॉल खुलेगा, किर्लाेस्कर को भी चाहिए शोरूम
इस व्यावसायिक क्षेत्र पांच एकड़ के लिए लुलु माॅल की तरफ से काफी पहले से प्रस्ताव दिया गया है, जिसके आधार पर उनके प्रतिनिधि को जमीन भी दिखा दी गई है। इसके अलावा एशियन पेंटस, बर्जर पेंटस, किर्लोस्कर समेत कई बड़ी कंपनियाें ने अपने शोरूम खोलने की इच्छा जताई है। एक होटल संचालक ने भी जमीन देखी है। सभी केवल रेट तय होने की प्रतीक्षा में थे। बुधवार को रेट तय होने के बाद अब इसके लिए आवेदन शुरू होगा।
लोकेशन बढ़ा रहा कीमत
कालेसर जीरो प्वाइंट पर प्रस्तावित व्यावसायिक क्षेत्र मुजफ्फरपुर-लखनऊ हाईवे के ठीक सामने है। यहीं पर वाराणसी-सोनौली हाईवे भी आकर ओवरब्रिज के जरिए चौराहा पार करता है। गोरखपुर शहर से आने वाला मुख्य मार्ग भी यहीं मिलता है। यहां से आना-जाना सबसे आसान है। गोरखपुर शहर के लोगों के लिए भी महज 20 किलोमीटर की सुखद यात्रा होगी। वहीं फोरलेन से जुड़े कुशीनगर के अलावा बिहार के गोपालगंज, बगहा, बेतिया, छपरा तक के लोग इस व्यावसायिक क्षेत्र में आसानी से सामान खरीद सकेंगे। यही फायदा वाराणसी-सोनौली से आने जाने वालों को होगा।
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कोट-
कालेसर का व्यावसायिक क्षेत्र गीडा का ड्रीम प्रोजेक्ट है। इसके आकार लेने से न केवल शहर के नजदीक एक भव्य बाजार विकसित होगा, बल्कि व्यापारियों के लिए भी गोरखपुर शहर के अलावा हाईवे से गुजरने वाले हजारों ग्राहकों का समूह उपलब्ध होगा। इसके अलावा जैसे गीडा क्षेत्र में औद्योगिक इकाईयां मजबूत होंगी, उसमें काम करने वाले अफसर से लेकर श्रमिकों तक के लिए यह बाजार सबसे आसान पहुंच होगा।
अनुज मलिक, सीईओ गीडा