जिले में छात्रों के बीच वर्चस्व को लेकर विवाद और मारपीट का मामला नया नहीं है। स्कूल-कॉलेजों में मामूली बातों को लेकर शुरू हुए विवाद कई बार हिंसक संघर्ष में बदल चुके हैं। कुछ घटनाओं में चाकू और ईंट से हमले तक हुए। हाल की घटनाएं बताती हैं कि छात्र गुटों के बीच बढ़ता विवाद पुलिस और शिक्षण संस्थानों के लिए चुनौती बनता जा रहा है।
23 दिसंबर 2025 : छात्र पर चाकू से हमला
गगहा थाना क्षेत्र के सर्वोदय किसान इंटर कॉलेज कौड़ीराम में इंटरमीडिएट के एक छात्र ने बाहरी साथियों के साथ मिलकर 11वीं के छात्र विपुल पर चाकू से हमला कर दिया था। शोर सुनकर पहुंचे शिक्षकों ने छह हमलावरों को पकड़ लिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल विपुल को पीएचसी कौड़ीराम भेजा।
26 फरवरी 2026 : मामूली विवाद में छात्र की हत्या
कोतवाली क्षेत्र के डीवी इंटर कॉलेज बेनीगंज की पार्किंग में यूपी बोर्ड इंटरमीडिएट परीक्षा खत्म होने के बाद साइकिल खड़ी करने को लेकर विवाद हुआ। आरोप है कि इसी दौरान 12वीं के छात्र अंकुश सिंह की ईंट से मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने मुख्य आरोपी छात्र सत्यम कुमार को गिरफ्तार कर लिया।
6 अगस्त 2026 : छात्राओं के दो गुट भिड़े
शाहपुर क्षेत्र के चरगांवा इंटर कॉलेज के बाहर छात्राओं के दो गुटों में मारपीट हो गई। सड़क पर हुई लात-घूंसों की लड़ाई का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। घटना ने स्कूल-कॉलेजों के बाहर छात्रों की गतिविधियों और निगरानी पर सवाल खड़े किए।
12 अगस्त 2026 : पीपीगंज में खूनी संघर्ष
पीपीगंज चौराहे पर छात्रों के दो गुटों के बीच खूनी संघर्ष हुआ था। मारपीट में कई लोग घायल हुए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया।
15 अगस्त 2026 : कार्यक्रम के बाद भिड़े दो पक्ष
हरपुर-बुदहट के श्री गांधी इंटर कॉलेज में कार्यक्रम के बाद छात्रों के दो पक्षों में विवाद हो गया। देखते ही देखते दोनों गुट आमने-सामने आ गए और लाठी-डंडों व पत्थरों से एक-दूसरे पर हमला कर दिया। घटना के बाद पुलिस ने स्थिति संभाली।
लगातार सामने आ रही घटनाओं से स्पष्ट है कि स्कूल-कॉलेजों में मामूली विवाद को समय रहते रोकना जरूरी है। शिक्षकों, अभिभावकों और पुलिस के समन्वय के साथ छात्र गुटों की गतिविधियों पर नजर रखने और विवाद की स्थिति में तत्काल हस्तक्षेप करने की जरूरत है।