गोरखपुर। जिला अस्पताल से लापता हुई 10 वर्षीय बालिका के दुष्कर्म और हत्या के मामले में सोमवार को अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो शमीम अहमद अंसारी की अदालत में सरस्वती विद्या मंदिर मानीराम की प्रधानाचार्या गरिमा उपाध्याय से जिरह पूरी हो गई। बचाव पक्ष की ओर से चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल बृजेश सिंह ने उनसे जिरह की। मामले की विवेचना के दौरान प्रधानाचार्या ने विद्यालय में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज विवेचक को उपलब्ध कराई थी। अभियोजन की ओर से इसी फुटेज को न्यायालय में साक्ष्य के रूप में साबित कराया गया। फुटेज को सुरक्षित रखने वाले पेनड्राइव का भी प्रधानाचार्या से प्रमाणीकरण कराया गया। सोमवार को बचाव पक्ष की ओर से प्रधानाचार्या की प्रति परीक्षा पूरी होने के बाद अदालत ने शेष साक्ष्यों पर सुनवाई के लिए छह अक्तूबर की तारीख तय की है।