अगर आप लॉकडाउन के दौरान लाभ पाने के लिए झूठ बोलते हैं या झूठा बहाना बनाते हैं तब भी आपको दो साल की जेल या जुर्माना या दोनों की सजा हो सकती है।
लॉकडाउन में जरूरी सामान के अवैध भंडारण की स्थिति में भी जेल की सजा हो सकती है।
अगर लॉक डाउन की अवधि में कोई जिम्मेदार अधिकारी अपनी शक्तियों का दुरूपयोग करता है तो उसे गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं।
झूठी खबर या अफवाह फैलाने के मामले में भी एक साल जेल की सजा हो सकती है।