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विवादित पोस्टर मामला : छात्रनेता को बताया 'ब्लैकमेलर', समाजसेवी का दावा, 'छह महीने से गोरखपुर ही नहीं आया'

Mon, 10 Jun 2024 06:00 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर

सार

आरोपी यशवर्धन मिश्रा के परिवार ने पुलिस को एक लेटर भेजकर सफाई पेश की है। आरोपी के भाई ने बताया है कि यशवर्धन कमर्शियल पायलट लाइसेंस (सीपीएल) के लिए प्रशिक्षण ले रहा है और पिछले छह महीने से गोरखपुर नहीं आया है, न ही वह किसी अवैध गतिविधि में शामिल हुआ है।
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इसी विवादित पोस्टर को लगाकर चर्चा में आया था छात्र नेता और समाजसेवी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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विवादित पोस्टर लगाने के चर्चित मामले में छात्र नेता गौतम यादव और समाज सेवी यशवर्धन मिश्रा की गिरफ्तारी पुलिस चार दिन बाद भी नहीं कर पाई है। दूसरी तरफ समाज सेवी यशवर्धन मिश्रा के परिजन उसकी बेगुनाही के साक्ष्य पेश कर उसे निर्दोष साबित करने में जुट गए हैं। एसपी सिटी कृष्ण कुमार बिश्नोई का कहना है कि आरोपियों की तलाश चल रही है। पकड़े जाने के बाद हकीकत का पता चलेगा।

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फिलहाल पुलिस साक्ष्यों की अपने स्तर पर जांच कर रही है। वहीं इस मामले की उच्च अधिकारी भी लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं। इस मामले में नाम आने के बाद चर्चा में आया छात्र नेता गौतम यादव पहले खुद को एक पार्टी का नेता बताता था, उस पार्टी ने भी उससे पल्ला झाड़ लिया है।

पार्टी के पदाधिकारियों का यहां तक कहना है कि विरोधियों से मिलकर गौतम ने पार्टी का नाम बदनाम करने के लिए ऐसा कृत्य किया है। वह तो कभी पार्टी का सदस्य भी नहीं रहा है।
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यशवर्धन के परिवार ने भी ब्लैकमेलर बताया
आरोपी यशवर्धन मिश्रा के परिवार ने पुलिस को एक लेटर भेजकर सफाई पेश की है। आरोपी के भाई ने बताया है कि यशवर्धन कमर्शियल पायलट लाइसेंस (सीपीएल) के लिए प्रशिक्षण ले रहा है और पिछले छह महीने से गोरखपुर नहीं आया है, न ही वह किसी अवैध गतिविधि में शामिल हुआ है। आरोपी के भाई ने बताया कि गौतम यादव के ब्लैकमेलिंग दृष्टिकोण के कारण यशवर्धन को गोरखपुर न आने की सलाह दी जाती रही है।

ये था पूरा मामला
बृहस्पतिवार को शहर के यूनिपोल पर छात्र नेताओं के नाम के साथ ही बड़े-बड़े अक्षरों में ''''घमंड टूटने की बधाई'''' लिखा हुआ पोस्टर लगाया गया था। असुरन चौक, विश्वविद्यालय चौक और पैडलेगंज में भी बड़े-बड़े विवादित होर्डिंग लगाए गए थे।

नगर निगर से यूनिपोल का टेंडर पाने वाली फर्म ने कैंट थाने में तहरीर देकर बताया कि पैडलेगंज चौराहे पर यशवर्धन मिश्रा एवं गौतम यादव द्वारा जबरदस्ती विवादित बैनर पोस्टर लगा दिया गया है। जिससे जन मानस में रोष है।

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