तारीख पीएम-10 एसओ-2 एनओ-2 एक्यूआई
24 नवंबर 138.59 1.52 5.03 126
28 नवंबर 142.91 1.44 5.16 129
02 दिसंबर 146.62 1.53 5.09 131
औद्योगिक जोन- गीडा गोरखपुर
24 नवंबर 347.13 32.29 51.49 297
28 नवंबर 342.76 35.27 53.52 293
02 दिसंबर 349.28 34.49 52.14 299
व्यावसायिक जोन- जलकल भवन, गोलघर गोरखपुर
24 नवंबर 297.34 5.13 17.46 247
28 नवंबर 308.16 5.64 19.65 258
02 दिसंबर 304.58 5.42 21.89 255
आवासीय क्षेत्रों में भी लगे मापक यंत्र तो पता चले हवा की गुणवत्ता
हवा के प्रदूषण के बारे में शहर के लोगों को सही जानकारी नहीं मिल पा रही है। इसकी वजह यह है कि आवासीय से लेकर औद्योगिक क्षेत्र तक में सिर्फ तीन स्थानों पर ही प्रदूषण नियंत्रण विभाग हवा की गुणवत्ता मापने का यंत्र लगा पाया है। शहर के तमाम धूल वाले इलाकों में हवा की सेहत की सही जानकारी नहीं मिल पा रही है। इस वजह से हवा के प्रदूषण को रोकने के संबंध में समुचित उपाय भी नहीं हो पा रहे हैं।
लंबे समय से प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड शहर के कुछ और स्थानों के लिए स्थायी या पोर्टेबल डस्ट सैंपलर मशीन की मांग कर रहा है, लेकिन फाइल आगे नहीं बढ़ पा रही है। फिलहाल, आवासीय क्षेत्र के लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने एमएमएमयूटी परिसर में रेस्पिरेबल डस्ट सैंपलर मशीन लगाई है। इसी तरह व्यावसायिक क्षेत्र की हवा की गुणवत्ता जांचने के लिए गोलघर स्थित जलकल परिसर और औद्योगिक क्षेत्र के लिए गीडा में स्थायी मशीन लगी है।
आवासीय क्षेत्रों में देवरिया बाईपास रोड, जेल बाईपास रोड, पादरी बाजार, पैडलेगंज से लेकर रुस्तमपुर होते हुए राजघाट पुल तक दोनों तरफ के डेढ़ दर्जन से अधिक मोहल्लों तथा असुरन से लेकर मेडिकल कॉलेज रोड के दोनों तरफ के मोहल्लों में जहां धूल उड़ती रहती है। इन इलाकों की हवा की गुणवत्ता का पता नहीं लग पाता है।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड क्षेत्रीय अधिकारी पंकज यादव ने कहा कि शहर के चार व्यस्ततम इलाकों में एयर क्वालिटी इंडेक्स (हवा की गुणवत्ता का सूचकांक) मापने की मशीनें लगाई जानी हैं। इन स्थानों में गोलघर, रामगढ़ताल, बीआरडी मेडिकल कॉलेज और बैंक रोड शामिल है। इस संबंध में प्रस्ताव केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को भेजा जा चुका है। वित्तीय स्वीकृति मिलने के बाद इन स्थानों पर मशीनों को लगा दिया जाएगा। मशीनों के लग जाने के बाद शहर के भीड़भाड़ वाले इलाकों के अलावा काफी ज्यादा यातायात वाले इलाकों में भी वायु की गुणवत्ता पता चल सकेगी।