मायके में रह रही पिपराइच इलाके की महिला ने कर्नाटक के बंगलुरु में आत्महत्या कर ली थी। महिला की मां की तहरीर पर पिपराइच पुलिस ने देवरिया के रहने वाले प्रमोद राजभर नामक युवक के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोप है कि प्रमोद राजभर बहला-फुसलाकर महिला को अपने साथ ले गया था। वहां प्रताड़ना के बाद उसने खुदकुशी कर ली।
पिपराइच के जंगल धूषण मंझरिया गांव निवासी इमिरती देवी ने बताया कि उनकी 21 वर्षीय बेटी रोशनी निषाद की शादी चौरीचौरा के रहने वाले बलिराम नामक युवक से हुई थी। वह अपने एक साल के बेटे के साथ मायके में रह रही थी।
30 अप्रैल को अपने बेटे शिवम के साथ घर से रहस्यमय हाल में लापता हो गई थी। काफी तलाश करने के बाद भी जब उसका पता नहीं चला तो मां की सूचना पर पिपराइच पुलिस ने छह मई को गुमशुदगी दर्ज कर पड़ताल शुरू कर दी।
गुमशुदगी के करीब 20 दिन बाद पता चला कि रोशनी की कर्नाटक बंगुलरु के बोममनहाली जिले में उसकी लाश मिली है। पुलिस ने शव की पहचान कर उसके घरवालों को सूचना दी। बताया गया कि रोशनी ने खुदकुशी की है। वहां की पुलिस की सूचना पर पहुंची मां ने बेटी का क्रियाकर्म किया और उसके बेटे को लेकर घर आई।
बेटी की मौत के बाद मां ने आरोप लगाया कि देवरिया जिले गौरीबाजार थाना क्षेत्र के चरिआवा खास निवासी प्रमोद राजभर पुत्र जोखन राजभर के उकसाने पर बेटी ने यह कदम उठाया है। उसने कहा कि उनकी बेटी को प्रमोद अपने साथ ले गया था। पुलिस ने मां की तहरीर पर केस दर्ज कर प्रमोद की तलाश शुरू कर दी है।