शासन के निर्देश पर अब मंडल के चारों जिलों गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर और महराजगंज में बांग्लादेशी रोहिंग्या को चिन्हित किया जाएगा। इसके लिए पुलिस, प्रशासन और एलआईयू की संयुक्त टीमें लगाई जाएंगी। इसके साथ ही गोरखपुर में मंडलीय डिटेंशन सेंटर खोला जाएगा। इसके लिए कमिश्नर अनिल ढींगरा ने नगर निगम को जगह तलाशने का निर्देश दिया है।
हालांकि, पहले भी बांग्लादेशी रोहिंग्या को चिन्हित करने के लिए सर्वे हो चुका है। अभी तक गोरखपुर में कोई नहीं मिला है। लेकिन, अब नए सिरे से सत्यापन और सर्वे कराने की तैयारी है। उधर, नगर निगम से कहा गया है कि ऐसे स्थान को चिन्हित करें जिसे डिटेंशन सेंटर के रूप में स्थापित किया जा सके। उस सेंटर में रहने के साथ ही भोजन और टॉयलेट की व्यवस्था रहेगी।
उधर, लखनऊ नगर निगम में बांग्लादेश के निवासी और रोहिंग्या के पकड़े जाने के बाद अब शासन के निर्देश पर नगर निगम और नगर पालिका में सफाईकर्मियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा। स्थानीय अभिसूचना शाखा के माध्यम से उनके गृह जनपद के थाने से सत्यापन कराने की तैयारी है।
डिटेंशन सेंटर के लिए जल्द स्थान चिन्हित करा लिया जाएगा। इसके लिए नगर निगम के अधिकारियों को निर्देशित किया गया है:
अनिल ढींगरा, कमिश्नर