पूर्वांचल में डेंगू के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। गोरखपुर और बस्ती मंडल में पिछले डेढ़ माह में डेंगू के 37 मरीज मिल चुके हैं। इन मरीजों का इलाज बीआरडी मेडिकल कॉलेज में चल रहा है। चिंता की बात यह है कि इसमें 12 मरीज जिले के रहने वाले हैं।
जानकारी के मुताबिक, जिले में डेंगू के मामले सबसे अधिक सितंबर में मिले हैं। इस माह अब तक सात मरीज मिले हैं। इनमें पांच मरीजों का इलाज बीआरडी मेडिकल कॉलेज में हुआ है। इन मरीजों में तीन शहरी और दो ग्रामीण क्षेत्र के रहने वाले हैं। मरीजों में चार साल का मासूम भी शामिल हैं, जो पुलिस लाइंस का रहने वाला है। बताया जा रहा है कि पुलिस लाइंस में स्थिति काफी खराब है। लेकिन, वहां पर छिड़काव नहीं हो पा रहा है। वहीं, तुर्कमानपुर, गुलरिहा बाजार, खजनी, पिपराइच में भी डेंगू के मरीज मिले हैं।
कुशीनगर के आठ और देवरिया के सात मरीज रहे भर्ती
बीआरडी मेडिकल कॉलेज ने स्वास्थ्य विभाग को डेंगू के 37 मरीजों की सूची सौंपी है। इसमें गोरखपुर के 12 मरीजों के अलावा कुशीनगर के आठ मरीज शामिल हैं। इसके अलावा सात मरीज देवरिया के भी हैं। महाराजगंज और संत कबीर नगर के तीन-तीन मरीजों का इलाज बीआरडी में चला है। वहीं, बिहार के चार मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई है।
डेंगू के लार्वा मिले
शेखपुर वार्ड के पार्षद संजीव सिंह सोनू की शिकायत पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने दीवान दयाराम में जांच की। इस दौरान गमलों और कबाड़ में पानी मिला, जिसकी जांच करने पर डेंगू के लार्वा मिले हैं। इस पर मलेरिया विभाग की टीम ने छिड़काव करते हुए लोगों से अपील की है कि बरसात का पानी गमलों में जमा न होने दें।
बीआरडी मेडिकल कॉलेज की तरफ से मरीजों की सूची उपलब्ध कराई गई है। विभाग सूची की जांच कर रहा है। साथ ही टीमों को घरों पर भेजकर जांच कराई जा रही है। लोगों से अपील की जा रही है कि गमलों, कूलर सहित अन्य स्थानों पर साफ पानी न जमा होने दें। साफ पानी में डेंगू के लार्वा तेजी से पनपते हैं।
- अंगद सिंह, जिला मलेरिया अधिकारी