शहर के मोहन रोड स्थित एक कारोबारी के घर मंगलवार देर रात संदिग्ध परिस्थितियों में चली गोली ने 13 वर्षीय किशोरी की जिंदगी छीन ली। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गोली कारोबारी की लाइसेंसी पिस्टल से चली थी। घटना ने हथियारों के रख-रखाव और सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
गाजीपुर जिले के सादात निवासी विजय बरनवाल की 13 वर्षीय पुत्री गोपी अपने फूफा सुशील बरनवाल के घर दो दिन पहले आई थी। मंगलवार रात करीब 10 से 11 बजे के बीच घर के एक कमरे में अचानक गोली चल गई। गोली गोपी के सिर में लगी और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। गोली की आवाज सुनकर परिवार के लोग कमरे में पहुंचे तो किशोरी खून से लथपथ पड़ी मिली।
सूचना पर पहुंची सदर कोतवाली पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटनास्थल की जांच के दौरान पुलिस ने सुशील बरनवाल की लाइसेंसी पिस्टल को कब्जे में ले लिया। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि गोली गलती से चली, हथियार से छेड़छाड़ हुई या घटना के पीछे कोई अन्य वजह है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक जांच और परिजनों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने तक किसी भी संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है।
वहीं, लाइसेंसी हथियारों की सुरक्षा और उनकी निगरानी को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। पुलिस सभी तथ्यों की बारीकी से पड़ताल कर रही है। सदर कोतवाली प्रभारी राकेश कुमार राय ने बताया कि मामले की गहन जांच की जा रही है।