Monsoon Skincare Tips: बरसात के उमस भरे मौसम में त्वचा को खास देखभाल की जरूरत होती है। इस देखभाल में फेस स्टीमिंग एक आसान और प्रभावी तरीका बनकर उभरती है। आयुर्वेद में ‘स्वेदन' थेरेपी’ का हिस्सा मानी जाने वाली ‘भाप’ सदियों से त्वचा को आराम और ताजगी देने के लिए इस्तेमाल होती रही है। यह त्वचा के बंद रोमछिद्रों को खोलने, अतिरिक्त तेल व गंदगी हटाने और मुंहासों की समस्यों को कम करने में मदद कर सकती है।
मुंहासों से राहत
- फेस स्टीमिंग त्वचा की देखभाल की एक प्राकृतिक प्रक्रिया है, जिसमें भाप के माध्यम से त्वचा की गहराई से सफाई की जाती है।
- यह रोमछिद्रों को खोलने, त्वचा को मुलायम बनाने और रक्त संचार बढ़ाने में सहायक होती है।
- भाप त्वचा में जमा तेल, सीबम और गंदगी को ढीला करती है, जिससे सफाई आसान हो जाती है।
- ब्लैक हैड्स हटाने से पहले भाप लेने पर रोमछिद्र खुल जाते हैं और ब्लैक हेड्स नरम होकर आसानी से निकल जाते हैं।
त्वचा की सफाई
- भाप त्वचा को नमी प्रदान करने में मदद करती है और रोमछिद्रों को खोलकर त्वचा की सफाई को आसान बनाती है।
- स्टीम फेशियल से रक्त संचार बेहतर होता है, जिससे त्वचा की कोशिकाओं तक ऑक्सीजन और पोषक तत्व अधिक मात्रा में पहुंचते हैं।
- इससे त्वचा की प्राकृतिक देखभाल में सहायता मिलती है।
- भाप त्वचा के तेल संतुलन को बनाए रखने में भी मदद करती है, जिससे चेहरा मुलायम, ताजा और स्वस्थ दिखाई देता है।
क्या है विधि?
पहला तरीका
- चेहरे को भाप देने के लिए एक साफ छोटे तौलिये को लें।
- एक हीट प्रूफ कटोरे में गरम पानी रखें और तौलिये को उसमें भिगोकर अच्छी तरह निचोड़ लें।
- अब हल्के गरम तौलिये को चेहरे पर रखें।
- ध्यान रखें कि पानी उबलता हुआ न हो और तौलिया बहुत गरम न हो।
- एक बार में अधिकतम 10 मिनट तक यह प्रक्रिया करें।
- दो-तीन मिनट बाद थोड़ा ब्रेक लें और जलन महसूस होने पर तुरंत बंद कर दें।
दूसरा तरीका
- एक पतीले में पानी उबालें और उसमें संतरे के छिलके, गुलाब की सूखी पंखुड़ियां, लैवेंडर, यूकेलिप्टस या अन्य जड़ी-बूटियां डालें।
- कुछ देर बाद पानी को गैस से उतार लें।
- सिर को तौलिये से ढककर भाप लें।
- चेहरे को पानी से 8-10 इंच दूर रखें।
- भाप लेते समय आंखें बंद रखें और केवल उतनी देर तक भाप लें, जितनी देर कोई परेशानी महसूस न हो।
सावधानी बहुत जरूरी
- आप सप्ताह में दो या तीन बार भाप ले सकती हैं, लेकिन यदि त्वचा शुष्क है तो भाप लेने से पहले मॉइश्चराइजर जरूर लगाएं।
- भाप के बाद फेस टोनर का उपयोग करें, जिससे त्वचा का पीएच संतुलन बना रहे और पोर्स टाइट हो सकें।
- अधिक भाप लेने से त्वचा के प्राकृतिक तेल खत्म हो सकते हैं, जिससे खिंचाव, जलन, लालिमा और पपड़ी जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
- वहीं, रोसैसिया या एक्जिमा से पीड़ित महिलाओं को भाप लेने से बचना चाहिए।