सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में एयर चीफ मार्शल एपी सिंह नजर आ रहे हैं। वीडियो को शेयर कर दावा किया जा रहा है कि एपी सिंह ने तेजस को समोसा कहा है।
अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में वायरल दावे को गलत पाया है। हमने पाया कि वायरल वीडियो को एआई की मदद से बनाया गया है।
क्या है दावा
सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है कि एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने तेजस को समोसा कहा है।
सतीश सैन नाम के फेसबुक यूजर ने लिखा, “भारत सरकार हमारी बात भी नहीं सुनती।” वहीं वीडियो में एपी सिंह बोलते हैं कि मैंने पहले ही भारत सरकार से कहा था कि इसे न उड़ाएं और ना ही इसे वायुसेना में शामिल करें, लेकिन उन्होंने हमारी बात नहीं सुनी। और देखिए, आज यह हुआ। यह कोई विमान नहीं है। यह एक समोसा है। और समोसे उड़ने के लिए नहीं होते। " पोस्ट का लिंक आप यहां और आर्काइव लिंक यहां देख सकते हैं।
इसी तरह के अन्य दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इनके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
हमने दावे की पड़ताल के लिए कीवर्ड से सर्च किया। इस दौरान हमें कही भी एपी सिंह के इस बयान से संबंधित कोई रिपोर्ट नहीं मिली।
आगे की पड़ताल में हमें पीआईबी फैक्ट चेक के एक्स हैंडल पर एक पोस्ट मिली। यह पोस्ट 23 नवंबर 2025 को साझा की गई है। पोस्ट में वायरल पोस्ट को गलत बताया है। इसके साथ ही लिखा है कि इस क्लिप में दिया गया बयान पूरी तरह से झूठा है। एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने ऐसी कोई टिप्पणी नहीं की है। यह वीडियो एआई द्वारा निर्मित एक फर्जी वीडियो है, जिसे गलत सूचना फैलाने और भारतीय सशस्त्र बलों के बारे में संदेह पैदा करने के लिए बनाया गया है।

इसके बाद हमने वीडियो की पड़ताल के लिए एआई टूल का इस्तेमाल किया। हाइव टूल ने वायरल वीडियो को 96 फीसदी एआई से बने होने की जानकारी दी।

पड़ताल का नतीजा
हमने अपनी पड़ताल में वायरल वीडियो को एआई से बना पाया है।