सोशल मीडिया पर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (आईएनसी) के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी का एक वीडियो शेयर किया जा रहा है। वीडियो में राहुल गांधी एक रैली को संबोधित करते हुए नजर आ रहे हैं। शेयर किए गए वीडियो के पहले भाग में, गांधी दर्शकों से एक सवाल पूछते हैं कि चील ऊपर क्यों उड़ रही हैं। बोलते समय वे आसमान की ओर इशारा करते हैं। इसके तुरंत बाद पक्षियों के उड़ने की एक छोटी क्लिप देखी जा सकती है। फुटेज के दूसरे भाग में वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रीय स्वयंसेवक (आरएसएस) और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) का जिक्र करते हैं और बताते हैं कि वे बेरोजगारी के लिए कैसे जिम्मेदार हैं। दोनों क्लिपों को जोड़ दिया गया है और इस तरह से बदल दिया गया है कि इससे ऐसा लग रहा है कि गांधी ने पक्षियों के बीच रोजगार की कमी के लिए भाजपा सरकार को दोषी ठहराया है।
अमर उजाला को पड़ताल के दौरान यह मूल वीडियो मिला, जिससे पता चला कि राहुल गांधी ने इस तरह की कोई बात नहीं बोली है। वीडियो को गलत तरीके से एडिट करके राहुल गांधी की छवि को धूमिल करने के लिए शेयर किया जा रहा है। हमारी पड़ताल में यह भी सामने आया कि यह वीडियो फरवरी में भी इसी प्रसंग के साथ शेयर किया गया था।
इस वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि राहुल गांधी चीलों से पूछ रहे है कि उन्हें रोजगार मिला की नहीं मिला है।
अरुण यादव (@ArunKosli) नाम के एक एक्स यूजर ने लिखा “पाकपरस्त_पप्पू ये जो आसमान में उड़ रहा है तो इसलिए के वो मोदी है, और इसका कारण और आरएसएस है, हद है इस आदमी के आगे, कितना बकवास करता है।” पोस्ट का लिंक और आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।

इस तरह के कई और दावों के लिंक आप
यहां और
यहां देख सकते हैं। इसके आर्काइव लिंक आप
यहां और
यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने वीडियो के कीफ्रेम्स को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां हमें यह वीडियो हमें भारत272+ नाम के एक फेसबुक आकाउंट पर 2020 को शेयर किया गया मिला। इसी के साथ कैप्शन लिखा गया था “पप्पू का कॉमेडी शो”। यहां से साफ हो गया कि वीडियो 2020 का या इससे पहले का है। इसका हालिया रैली से कोई संबंध नहीं है।

आगे हमने वीडियो को ध्यान से देखा तो हमें एक वाटर मार्क देखने को मिला। यह वाटर मार्क बींग बकलोल के नाम से था। इसके बाद हमने इस नाम के अकाउंट को इंटरनेट पर खोजने की कोशिश की। यहां हमें इस लोगों के नाम से
एक यूट्यूब चैनल देखने को मिला। इस चैनल पर कई नेताओं के वीडियो को एडिट करके उसे व्यंगात्मक तरीके से शेयर किया गया था। चैनल पर कुल छह वीडियो को शेयर किया गया था।

आगे हमें यह वीडियो राहुल गांधी के ऑफिशियल फेसबुक चैनल पर देखने को मिला। यह वीडियो राहुल गांधी की दिल्ली के कोंडली में हुई 2020 की रैली थी। उसमें हमें पता चला कि राहुल गांधी ने तीनों बातों के अलग अलग समय पर और अलग अलग संदर्भ में कहा था जिसे एक साथ जोड़कर पेश किया गया। राहुल गांधी चील का संदर्भ देते हुए कहते है कि कैसे आम लोगों को खराब जीवन स्थितियों का सामना करना पड़ता है, जबकि पीएम मोदी देश के अमीरों को कर लाभ देते हैं।
बेरोजगारी की बात राहुल गांधी युवाओं के लिए करते है। अपने संबोधन में राहुल गांधी इस बात पर ज़ोर देते हैं कि किस तरह से युवाओं को भ्रमित किया गया है। इसी के साथ वह भाजपा और आरएसएस को भी इसके लिए जिम्मेदार ठहराते हैं।

पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में यह साफ है कि राहुल गांधी के पांच साल पुराने भाषण को एडिट करके शेयर किया जा रहा है। इस वीडियो से भ्रम फैलाने की कोशिश की जा रही है।