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Fact Check: बांग्लादेश में छात्रों के बीच मारपीट सांप्रदायिक दावे के साथ वायरल, जानें पड़ताल में पूरा सच

Tue, 10 Dec 2024 04:21 PM IST
संध्या फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला

सार

Fact Check:सोशल मीडिया पर छात्रों के लड़ने का वीडियो वायरल हो रहा है। इस पूरी घटना को सांप्रदायिक रंग दिया जा रहा है। BOOM ने अपनी पड़ताल में दावे को गलत पाया है।
 
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फैक्ट चेक - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बांग्लादेश की राजधानी ढाका में डॉ. महबूब उर रहमान मुल्ला कॉलेज के बाहर एक युवक को लाठी डंडों से मारे जाने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। 

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क्या है दावा
यूजर्स इसे शेयर करते हुए सांप्रदायिक दावा कर रहे हैं कि ढाका के मुजीबुर रहमान कॉलेज में हिंदू छात्रों को पीट-पीट कर मार डाला गया।

बूम ने जांच में पाया कि वायरल सांप्रदायिक दावा पूरी तरह से गलत है। यह वीडियो 25 नवंबर 2024 को बांग्लादेश के ढाका में डॉ. महबूब उर रहमान मुल्ला कॉलेज के बाहर तीन अलग-अलग कॉलेज के छात्र गुटों के आपस में भिड़ने की घटना का है।

फेसबुक पर एक यूजर ने वीडियो शेयर करते हुए लिखा, ‘मुजीबुर रहमान कॉलेज ढाका जहां पर हिंदू स्टूडेंट्स को ढूंढ़-ढूंढ़ कर मरते दम तक मारा जा रहा है देखिए जाहिलों की करतूत ऐसा ही इन जाहिलों के साथ भारत में भी होना चाहिए भारत केवल हिन्दुओं का है. हिंदू को भी आक्रमण करना ही होगा। मोदी सरकार बांग्लादेश पर आक्रमण करके हिंदुओं को बचाए।'

(आर्काइव लिंक)

एक्स पर एक यूजर ने लिखा, 'मुजीबुर रहमान कॉलेज, ढाका, बांग्लादेश में. हिंदू छात्रों की पहचान कर उन्हें पीट-पीट कर मार डाला गया।'

(आर्काइव लिंक)

फैक्ट चेक

विभिन्न कॉलेज छात्र गुटों के बीच झड़प का मामला

बूम ने दावे के पड़ताल के लिए वायरल वीडियो को गूगल लेंस से सर्च किया तो बूम को इस घटना की कई मीडिया रिपोर्ट मिलीं।

द डेली स्टार की 25 नवंबर 2024 की रिपोर्ट के अनुसार, ढाका के जात्राबाड़ी में तीन विभिन्न कॉलेज गवर्नमेंट शहीद सुहरावर्दी कॉलेज, कबी नजरुल गवर्नमेंट कॉलेज और डॉ. महबूब उर रहमान मुल्ला कॉलेज के छात्र गुट महबूब उर कॉलेज के बाहर आपस में भिड़ गए।

रिपोर्ट में डॉ. महबूब उर रहमान मुल्ला कॉलेज के प्रबंध निदेशक अशरफ समीर के हवाले से लिखा, "हमारे कॉलेज की क्लास चल रही थीं, तभी हजारों की संख्या में तथाकथित छात्रों ने हमारे छात्रों और शिक्षकों पर हमला कर दिया। हमले में 100 से अधिक शिक्षक और छात्र घायल हो गए हैं, जो आस-पास के विभिन्न अस्पतालों में भर्ती हैं।"

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ढाका नेशनल मेडिकल कॉलेज अस्पताल में डेंगू के कारण भर्ती मुल्ला कॉलेज के एक छात्र अविजीत की कथित लापरवाही के कारण 18 नवंबर 2024 को मौत हो गई थी। अविजीत की मौत के बाद छात्रों ने अस्पताल परिसर में अधिकारियों के खिलाफ प्रदर्शन किया था।

ढाका 24 की रिपोर्ट के अनुसार, इस मामले में पुलिस ने डॉ. महबूब उर रहमान मुल्ला कॉलेज और अन्य कॉलेजों के 8,000 छात्रों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

आकाशवाणी समाचार ने इस घटना की एक्स पर एक फोटो शेयर करते हुए बताया था कि ढाका में 25 नवंबर 2024 को कबी नजरुल कॉलेज, सुहरावर्दी कॉलेज और डॉ महबूब उर रहमान मुल्ला कॉलेज के छात्रों के बीच हिंसक झड़प हुई जिसमें 50 से ज्यादा लोग घायल हो गए। इस मामले में 37 अलग-अलग कॉलेजों के आठ हजार छात्रों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।

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घटना में कोई सांप्रदायिक एंगल नहीं

बूम को किसी भी रिपोर्ट में इस घटना में किसी भी तरह के सांप्रदायिक एंगल होने की जानकारी नहीं मिली। बूम को बांग्लादेशी न्यूज आउटलेट की ऐसी कोई विश्वसनीय न्यूज रिपोर्ट भी नहीं मिली, जिसमें दावा किया गया हो कि इन झड़पों में हिंदू छात्रों की मौत हुई हो।

कई भारतीय और बांग्लादेशी मीडिया आउटलेट पर आजतकProthom Alo और Desh TV News पर भी इस घटना की रिपोर्ट देखी जा सकती है। वायरल वीडियो इसी घटना के दौरान का है. इन रिपोर्ट में वायरल वीडियो वाले दृश्य भी शामिल हैं।

छात्र गुटों में विवाद का कारण

द डेली स्टार की रिपोर्ट के अनुसार, ढाका नेशनल मेडिकल कॉलेज अस्पताल में डेंगू के कारण भर्ती मुल्ला कॉलेज के एक छात्र अविजीत की कथित लापरवाही के कारण 18 नवंबर 2024 को मौत हो गई थी।

अविजीत की मौत के बाद मुल्ला कॉलेज के छात्र अस्पताल परिसर में अधिकारियों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे, इसी विरोध प्रदर्शन के बीच 21 नवंबर को सुहरावर्दी और कबी नजरूल कॉलेजों के कुछ छात्रों ने मुल्ला कॉलेज के प्रदर्शनकारियों पर हमला कर दिया। इसके बाद छात्र गुटों के बीच यह विवाद बढ़ता चला गया।

(This story was originally published by BOOM as part of the Shakti Collective. Except for the headline and opening introduction para this story has not been edited by Amar Ujala staff)

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