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Fact Check: महिला राजनेता का आठ साल पुराना वीडियो गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर का बताकर किया जा रहा शेयर

Sat, 21 Feb 2026 05:59 PM IST
अस्मिता त्रिपाठी फैक्ट चेक डेस्क , अमर उजाला

सार

Fact Check: सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है कि वीडियो में नजर आ रही महिला गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर हैं। हमने अपनी पड़ताल में वायरल दावे को गलत पाया है। 

 

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फैक्ट चेक - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के भारत मंडपम में हुई एआई इम्पैक्ट समिट में हिस्सा लेने वाली गलगोटिया यूनिवर्सिटी विवादों में आ गई। विवाद यूनिवर्सिटी की एक प्रतिनिधि की तरफ से एक रोबोट को लेकर दी गई जानकारी से शुरू हुआ। इसी बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में महिला गाली देते नजर आ रही है। वीडियो को शेयर कर दावा किया जा रहा है यह महिला गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर है। 

अमर उजाला  ने अपनी पड़ताल में वायरल दावे को गलत पाया है। हमने पाया कि वायरल वीडियो में नजर आ रही महिला गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर नहीं है। बल्कि वह एक नेता है। 

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क्या है दावा 
सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर दावा किया जा रहा है कि वीडियो में नजर आ रही महिला गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर है। 
आइंस्टीन यादव (@YdvG28) नाम के एक्स यूजर ने लिखा,” वायरल वीडियो - "चू**या है क्या र** का बच्चा"  वायरल वीडियो में आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग करती जो महिला दिख रही है ये गलगोटिया विश्वविद्यालय की वही महिला है जिसने चाइना के रोबोट को अपनी यूनिवर्सिटी की खोज बताकर भारत को वैश्विक स्तर पर शर्मिंदा कर चुकी है।" पोस्ट का लिंक आप यहां और आर्काइव लिंक यहां देख सकते हैं।

 

इसी तरह के अन्य दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इनके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं।

पड़ताल 
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले वीडियो के कीफ्रेम को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। इस दौरान हमें मोलिटिक्स यूट्यूब चैनल पर वायरल वीडियो के क्लिप 1 सकेंड से 6 सकेंड तक देखने को मिली। यह वीडियो 12 जून 2018 को प्रकाशित किया गया है। यहां लिखा है कि सुभरस्थ कैमरे पर गाली देते हुए पकड़े गए (भाजपा रणनीतिकार) | 

 

इसके बाद हमें इंडियन स्पेक्टेटर यूट्यूब चैनल पर वायरल वीडियो देखने को मिला। यह वीडियो 9 जून 2018 को प्रकाशित किया गया है। यहां बताया गया है कि वायरल वीडियो में नजर आ रही महिला भाजपा और आरएसएस की प्रमुख समर्थक शुभ्रस्था फेसबुक लाइव वीडियो पर एक कॉलर को अपशब्द कहते हुए पकड़ी गईं। वह फेसबुक का लाइव वीडियो बंद करना भूल गईं और कैमरे पर ही कॉलर को अपशब्द कहने लगीं। शुब्रस्था एक राजनीतिक विश्लेषक और मीडियाकर्मी हैं। शुब्रस्था खुद को एक महत्वाकांक्षी दक्षिणपंथी राजनीतिक नेता बताती हैं, जिन्होंने इंडिया फाउंडेशन नामक चुनाव प्रबंधन कंपनी के माध्यम से लोकप्रियता हासिल की, जिसने भाजपा को उत्तर पूर्वी राज्यों में जीत दिलाने में मदद की थी।

 

 पड़ताल का नतीजा 

हमने अपनी पड़ताल में पाया कि वायरल वीडियो में नजर आ रही महिला गलगोटिया यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर नहीं है।  

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