सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया जा रहा है। इस वीडियो में एक मंदिर के अंदर शिवलिंग के पास मांस का टुकड़ा नजर आ रहा है। वीडियो को हैदराबाद का बताया जा रहा है।
क्या है दावा
वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि हिंदू पूजा स्थल की पवित्रता को भंग करने के लिए जानबूझकर ऐसा किया गया है। यह घटना 12 फरवरी को पुराने शहर हैदराबाद के तप्पाचबुतरा इलाके में जिर्रा हनुमान मंदिर में हुई थी।
अनेरी शाह यक्कती (@tweet_aneri) नाम के एक एक्स यूजर ने लिखा “हैदराबाद के एक मंदिर में मांस के टुकड़े मिले। हैदराबाद के तप्पाचबूतरा इलाके में कुछ अज्ञात लोगों ने शिव लिंग के पीछे मांस फेंका। पुलिस मौके पर पहुंची और जांच कर रही है। बड़ी संख्या में हिंदू मंदिर पहुंचे और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।” (
पोस्ट का आर्काइव लिंक)
R V K Rao_TNIE (@RVKRao2) नाम के एक एक्स यूजर ने वीडियो शेयर करके लिखा “बुधवार की सुबह हैदराबाद के तप्पाचबूतरा पुलिस थाने की सीमा में शिव मंदिर के अंदर उपद्रवियों द्वारा मांस फेंका गया।” (
पोस्ट का आर्काइव लिंक)
इस तरह के कई और दावे आप
यहां और
यहां देख सकते हैं।
पड़ताल
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने मामले से जुड़े कीवर्ड को सर्च करके मीडिया रिपोर्ट ढूंढने की कोशिश की। इस मामले से जुड़ी एक मीडिया रिपोर्ट हमें
इंडिया टुडे पर मिली। इस रिपोर्ट को 12 फरवरी 2025 को प्रकाशित किया गया था। इस रिपोर्ट में पुलिस का बयान था। पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) चंद्र मोहन ने पुष्टि की कि पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। उन्होंने कहा, "हमें शिव लिंगम के पास मांस होने की सूचना मिली थी। मौके पर पहुंचने पर हमने पाया कि मंदिर के दरवाजे बंद थे। हमें संदेह है कि कोई जानवर मांस को अंदर ले आया होगा। सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है और आगे की जानकारी साझा की जाएगी।"
इससे मामले पर हमने
अमर उजाला की न्यूज डेस्क से संपर्क किया यहां हमें 12 फरवरी 2025 की देर रात की रिपोर्ट मिली। इस रिपोर्ट में बताया गया था कि पुलिस ने मामले की जांच के लिए चार टीमों का गठन किया और आसपास के सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की। जांच में यह पता चला कि मांस का टुकड़ा एक बिल्ली अपने मुंह में लेकर मंदिर में घुसी थी और वह मटन था पुलिस ने कहा कि सीसीटीवी फुटेज में बिल्ली को मांस का टुकड़ा लेकर मंदिर परिसर में जाते हुए देखा जा सकता है, जिससे यह साफ हुआ कि मांस फेंकने वाला कोई व्यक्ति नहीं था।
आगे हमें इस मामले में तेलंगाना पुलिस का एक और बयान उनके एक्स अकाउंट पर देखने को मिला। हैदराबाद के पुलिस आयुक्त
सी. वी. आनंद ने एक्स पर एक सीसीटीवी फुटेज और डीसीपी के बयान को पोस्ट करते हुए लिखा “कृपया कल की घटना के बारे में दक्षिण पश्चिम के डीसीपी की बात सुनें, जहां तप्पाचबूतरा पीएस सीमा में मदीना होटल के पास शिव मंदिर में मांस का एक टुकड़ा मिला था। जैसे ही जांच चल रही थी, कुछ लोगों ने, हमेशा की तरह, मंदिरों आदि पर इस हमले के बारे में सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट करना शुरू कर दिया। अंत में, कुत्ते और फिर एक बिल्ली के मांस के टुकड़े को ले जाने का निर्णायक सीसीटीवी सबूत मिला। सामाजिक अशांति पैदा करने के लिए अफवाह फैलाने की पराकाष्ठा! मैं सभी से अपील करता हूं कि जब भी ऐसी शरारती पोस्ट की जाए तो धैर्य रखें और तुरंत प्रतिक्रिया न दें और उन्हें आगे न भेजें या फिर से पोस्ट न करें क्योंकि ऐसा करने पर कानूनी कार्रवाई होगी।”
पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में ये साफ है कि वीडियो के सांप्रदायिक होने का दावा गलत है।